नई दिल्ली: अगले वर्ष होने वाले टी-20 विश्व कप के लिए भारतीय क्रिकेट टीम की घोषणा कर दी गई है। इस सूची में ईशान किशन का अप्रत्याशित चयन और शुभमन गिल का शामिल ना होना एक बड़ा विषय बन गया है। इसके साथ ही, अक्षर पटेल को उप-कप्तानी का पद सौंपा गया है, जो कि एक चौंकाने वाला निर्णय था। चयन समिति के अध्यक्ष अजीत अगरकर ने इस निर्णय के पीछे के कारणों पर चर्चा की और हार्दिक पांड्या के उप-कप्तानी की दौड़ से बाहर रहने की वजह बताई।
उपकप्तानी की दौड़ से बाहर हुए हार्दिक
हार्दिक पांड्या पहले भारत की टी-20 टीम के कप्तान रह चुके हैं और उन्हें टी-20 विश्व कप 2024 में भी यही जिम्मेदारी दी गई थी। लेकिन इस बार वह उप-कप्तानी की दौड़ से बाहर रहे हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, हार्दिक का नाम उप-कप्तानी के लिए चर्चा में रहा था, लेकिन अंतिम निर्णय के अनुसार, अक्षर पटेल को यह भूमिका सौंपी गई।
अजीत अगरकर ने क्या कहा?
चयनकर्ता अजीत अगरकर ने बताया कि जब शुभमन गिल टीम से बाहर थे, तब अक्षर पटेल उप-कप्तान की भूमिका निभा चुके थे। गिल के अनुपस्थित रहने के कारण उप-कप्तान का पद किसी और को देना आवश्यक था। अगरकर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि शुभमन पहले उप-कप्तान थे, लेकिन अब उनके ना होने पर यह जिम्मेदारी अक्षर को दी गई। इंग्लैंड के भारत दौरे के दौरान भी अक्षर उप-कप्तान थे, इसलिए उन्हें फिर से यह भूमिका मिली है।
बेहतर विकल्प साबित हो सकते थे हार्दिक
हालांकि, हार्दिक पांड्या इस पद के लिए एक बेहतर विकल्प हो सकते थे। उनके पास पर्याप्त अनुभव है और उन्होंने भारतीय टीम को मजबूती से संभाला है। पांड्या ने आईपीएल में गुजरात टाइटंस के नेतृत्व में खिताब भी जीते हैं, जिससे उनकी क्षमता को दर्शाते हैं। लेकिन शायद उनके पिछले चोटों को देखते हुए चयनकर्ताओं ने अक्षर पटेल को प्राथमिकता दी।

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