उस्मान ख्वाजा की रिटायरमेंट का ऐलान
नई दिल्ली। ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के स्टार ओपनर उस्मान ख्वाजा ने इंटरनेशनल क्रिकेट से रिटायरमेंट लेने की घोषणा की है। यह जानकारी उन्होंने शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में दी, जिसमें उनका परिवार भी मौजूद था। ख्वाजा ने बताया कि इंग्लैंड के खिलाफ सिडनी में आगामी 5वें एशेज टेस्ट मैच में उनका यह अंतिम मुकाबला होगा। उन्होंने अपनी टीम के साथियों को भी इस फैसले के बारे में सूचित किया।
क्रिकेट में उनके अनुभव और संघर्ष
ख्वाजा ने रिटायरमेंट की घोषणा करते हुए अपने करियर में झेले गए नस्लवाद के अनुभवों पर भी बात की। उन्होंने कहा, “क्रिकेट ने मुझे ऐसी यादें और दोस्ती दी हैं जो खेल से कहीं आगे हैं। लेकिन यह स्पष्ट है कि किसी करियर में एक व्यक्ति की मेहनत के अलावा और भी कई लोगों का योगदान होता है। मेरे माता-पिता के बलिदानों के लिए धन्यवाद, जो कभी हाइलाइट्स रील में नहीं आते।”
नस्लीय बाधाओं का सामना
इस दौरान ख्वाजा ने अपनी एशेज की तैयारी और पीठ की समस्याओं के संबंध में नस्लीय पूर्वाग्रहों के बारे में भी चर्चा की। उन्होंने कहा, “मुझे कई बार ऐसे सांस्कृतिक स्टीरियोटाइप का सामना करना पड़ा, जैसे कि ‘वह टीम के प्रति प्रतिबद्ध नहीं है’ या ‘वह स्वार्थी है।’ ये बातें मुझे निराश करती हैं, क्योंकि मुझे लगता था कि हम इनसे आगे निकल चुके हैं।”
खेल करियर की उपलब्धियां
ख्वाजा ने 2011 में ऑस्ट्रेलिया के लिए टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण किया था। सिडनी में इंग्लैंड के खिलाफ उनका आखिरी टेस्ट मैच उनके करियर का 88वां मुकाबला होगा। उनके नाम पर ऑस्ट्रेलियाई वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2023 जीतने जैसी महत्वपूर्ण उपलब्धियां भी हैं। वह पाकिस्तान में जन्मे पहले क्रिकेटर हैं जिन्होंने ऑस्ट्रेलिया का प्रतिनिधित्व किया, साथ ही वह देश के पहले मुस्लिम क्रिकेटर भी हैं। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के लिए 49 वनडे मैच खेले हैं।


