📌 गांडीव लाइव डेस्क:
झारखंड में घूसखोरी के गंभीर आरोप
नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने झारखंड में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के स्तर पर घूसखोरी के मामलों को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने अपने ट्विटर अकाउंट के जरिए बताया कि राज्य के सभी सरकारी कार्यालयों—मुख्यमंत्री कार्यालय, सचिवालय, जिले, अनुमंडल और प्रखंड कार्यालयों—में घूसखोरी का चलन बढ़ रहा है।
बोकारो जिले का चंदनक्यारी प्रखंड
बाबूलाल मरांडी ने विशेष रूप से बोकारो जिले के चंदनक्यारी प्रखंड का उदाहरण दिया। उनके मुताबिक, यहां एक नवजात बच्चे के जन्म प्रमाण पत्र के लिए सरकारी कर्मचारियों ने अवैध राशि की मांग की। उन्होंने बताया कि सभी दस्तावेज और प्रक्रियाएं पूरी करने के बाद भी कर्मचारियों ने बार-बार फाइल खोजना और साइन कराने के नाम पर घूस मांगी।
सरकारी कर्मचारियों की नैतिकता पर सवाल
उन्होंने यह भी पूछा कि क्या पंजीकरण कार्यालय के कर्मचारियों को मिलने वाला वेतन इतना कम है कि वे अपने वैधानिक कर्तव्यों को सही तरीके से निभा नहीं सकते। मरांडी ने बोकारो के जिला प्रशासन से अनुरोध किया कि इस मामले का तत्काल संज्ञान लेते हुए दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए और जन्म प्रमाण पत्र शीघ्र जारी किया जाए।
सार्वजनिक रूप से घूस की दरें घोषित करने की मांग
उन्होंने प्रशासन से यह भी सुझाव दिया कि अगर अधिकारी इतने निर्लज्ज हैं, तो घूस की दरें सार्वजनिक कर दी जाएं, ताकि आम नागरिकों को बार-बार अपमानित न होना पड़े।
झारखंड में इस तरह के आरोपों से न केवल प्रशासनिक प्रणाली पर सवाल उठते हैं, बल्कि नागरिकों के अधिकारों पर भी गंभीर प्रभाव पड़ता है।

