टैग: india matches

  • क्या टी20 वर्ल्ड कप में बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड आएगी? ICC के जवाब की पुष्टि

    क्या टी20 वर्ल्ड कप में बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड आएगी? ICC के जवाब की पुष्टि

    नई दिल्ली: आईसीसी मेंस टी20 वर्ल्ड कप 2026 में बांग्लादेश के हटने के परिणामस्वरूप स्कॉटलैंड को बड़ा अवसर प्राप्त हुआ है। क्रिकेट स्कॉटलैंड ने तुरंत भारत आने की योजना की पुष्टि की है। उनकी पुरुष टीम जल्द ही भारत पहुंचेगी ताकि वे स्थानीय परिस्थितियों से खुद को अनुकूलित कर सकें। यह टूर्नामेंट 7 फरवरी से प्रारंभ होगा, और स्कॉटलैंड की तैयारी पहले से ही आरंभ हो चुकी है।

    यह निर्णय तब लिया गया जब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) ने बांग्लादेश की जगह स्कॉटलैंड को खेलने का आधिकारिक न्योता दिया। बांग्लादेश ने सुरक्षा कारणों की वजह से टूर्नामेंट से बाहर होने का निर्णय लिया, और ICC द्वारा दिए गए सुरक्षा आश्वासनों के बावजूद उसने अपने निर्णय में कोई बदलाव नहीं किया।

    क्रिकेट स्कॉटलैंड का आधिकारिक बयान

    आईसीसी द्वारा स्कॉटलैंड को रिप्लेसमेंट के रूप में शामिल किए जाने के बाद, क्रिकेट स्कॉटलैंड ने एक विशेष पत्र के माध्यम से उन्हें धन्यवाद दिया। इस अवसर को स्वीकार करते हुए उन्होंने अपनी आभार व्यक्त किया।

    ट्रूडी लिंडब्लेड का बयान

    क्रिकेट स्कॉटलैंड की मुख्य कार्यकारी अधिकारी ट्रूडी लिंडब्लेड ने कहा कि आईसीसी से उन्हें पुरुष टीम के टी20 वर्ल्ड कप में खेलने का आमंत्रण मिला है, जिसे उन्होंने स्वीकार किया है। उन्होंने यह भी कहा कि यह स्कॉटलैंड के खिलाड़ियों के लिए वैश्विक स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने का एक शानदार मौका है। उन्होंने यह स्वीकार किया कि यह अवसर असाधारण परिस्थितियों में आया है।

    लिंडब्लेड ने बताया कि स्कॉटलैंड की टीम पिछले कुछ हफ्तों से आगामी प्रतियोगिताओं की तैयारी कर रही थी और अब वे भारत में आकर स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार खुद को तैयार करेंगे। उनका लक्ष्य टूर्नामेंट में उत्कृष्ट प्रदर्शन करना और दर्शकों को रोमांचक क्रिकेट दिखाना है।

    निर्णय का समय और संदर्भ

    स्कॉटलैंड को बांग्लादेश की जगह शामिल करने का निर्णय शुक्रवार को दुबई में आईसीसी की बैठक में लिया गया, जिसकी अध्यक्षता जय शाह ने की। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने विवाद निवारण समिति से अपील करने का प्रयास किया, लेकिन समिति ने अपील सुनने से इनकार कर दिया। इसके बाद आईसीसी ने अंतिम निर्णय लेते हुए स्कॉटलैंड को प्रतिस्थापित किया।

    स्कॉटलैंड का पहला मैच

    स्कॉटलैंड को ग्रुप सी में इंग्लैंड, वेस्टइंडीज, इटली और नेपाल के साथ रखा गया है। उनकी टीम 7 फरवरी को कोलकाता में वेस्टइंडीज के खिलाफ अपना पहला मैच खेलेंगी। इसके बाद वे 9 फरवरी को इटली, 14 फरवरी को इंग्लैंड और 17 फरवरी को मुंबई में नेपाल के खिलाफ मुकाबला करेंगे।

  • T-20 वर्ल्ड कप 2026: बांग्लादेश की ना खेलने की जिद का परिणाम होगा गंभीर

    T-20 वर्ल्ड कप 2026: बांग्लादेश की ना खेलने की जिद का परिणाम होगा गंभीर

    बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड और आईसीसी के बीच टी20 वर्ल्ड कप विवाद

    नई दिल्ली: भारत में आयोजित होने वाले टी20 वर्ल्ड कप को लेकर बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के बीच विवाद बढ़ता जा रहा है। बांग्लादेश ने अपने मैचों को श्रीलंका में कराने का अनुरोध किया था, जिसे आईसीसी ने पहले ही अस्वीकार कर दिया था। बीसीबी अब इस मामले को विवाद समाधान समिति में ले जाने का प्रयास कर रही है, लेकिन मौजूदा नियमों के अनुसार राहत मिलने की संभावना नजर नहीं आ रही है। ऐसे हालात में बांग्लादेश के टूर्नामेंट से बाहर होने का खतरा उत्पन्न हो गया है।

    आईसीसी का स्पष्ट निर्णय

    बीसीबी के अध्यक्ष अमीनुल इस्लाम बुलबुल ने आईसीसी की विवाद समाधान समिति में याचिका पेश की। उनका मानना था कि समिति उनके पक्ष को ध्यान से सुनेगी। हालांकि, आईसीसी के नियम स्पष्ट रूप से कहते हैं कि विवाद समाधान समिति, बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स के निर्णयों के खिलाफ अपील सुनने का अधिकार नहीं रखती। इसलिए बांग्लादेश की याचिका को प्रक्रिया से बाहर माना गया है।

    बीसीबी के लिए मुश्किलें

    आईसीसी ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि बांग्लादेश के सभी मैच भारत में ही होंगे। सुरक्षा संबंधी समीक्षा में भारत की स्थिति को सुरक्षित पाया गया है। इस कारण, आईसीसी बोर्ड ने 14-2 के बहुमत से इस मामले पर निर्णय लिया। आईसीसी ने चेतावनी दी है कि यदि बांग्लादेश अपने रुख से पीछे नहीं हटता है, तो उसे टूर्नामेंट से बाहर किया जा सकता है।

    स्कॉटलैंड का होना स्टैंडबाय

    डीआरसी की स्थिति को देखते हुए स्कॉटलैंड को स्टैंडबाय टीम के तौर पर तैयार रहने के लिए कहा गया है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि बांग्लादेश की जगह किसी अन्य टीम को शामिल किया जा सकता है। सूत्रों के अनुसार, आईसीसी इस संंबंध में शनिवार तक अंतिम निर्णय ले सकती है। चेयरमैन जय शाह, जो कि अंडर 19 वर्ल्ड कप के लिए नामीबिया में थे, अब दुबई में उच्च स्तरीय बैठक कर रहे हैं।

    सुरक्षा के मुद्दे पर विवाद

    बांग्लादेश के खेल सलाहकार आसिफ नजरुल ने सार्वजनिक रूप से बयान दिया था कि टीम भारत नहीं आएगी, जिसका कारण सुरक्षा को बताया गया था। आईसीसी को यह टिप्पणी पसंद नहीं आई, और सूत्रों के अनुसार, आसिफ को आईसीसी में अस्वीकार्य माना गया। बीसीबी अध्यक्ष ने भी आईसीसी को औपचारिक जानकारी देने से पहले मीडिया में बयान देकर असंतोष पैदा किया।

    डीआरसी का इतिहास

    विवाद समाधान समिति (डीआरसी) ने अतीत में भी कुछ महत्वपूर्ण मामलों में सख्त कदम उठाए हैं। उदाहरण के लिए, 2018 में पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड की 70 मिलियन डॉलर की मुआवजे की मांग को इसी समिति ने खारिज कर दिया था, जब उसने कहा कि पीसीबी और बीसीसीआई के बीच का समझौता बाध्यकारी नहीं था। 11 सदस्यीय यह समिति ब्रिटिश कानून के तहत कार्य करती है और इसके अधिकार क्षेत्र सीमित होते हैं। यही कारण है कि बांग्लादेश की मौजूदा अपील पर सकारात्मक परिणाम की उम्मीद कम नजर आ रही है।