टैग: Shukri Conrad

  • IND vs SA: दक्षिण अफ्रीका के कोच ने भारतीय टीम से मांगी माफी

    IND vs SA: दक्षिण अफ्रीका के कोच ने भारतीय टीम से मांगी माफी

    नई दिल्ली: भारत और साउथ अफ्रीका के बीच चल रही डिन मैच की सीरीज में जहां प्रोटियाज टीम ने टेस्ट सीरीज अपने नाम की, वहीं भारत ने वनडे सीरीज में शानदार प्रदर्शन करते हुए 2-1 से जीत हासिल की।

    विशाखापट्टनम में संपन्न अंतिम वनडे में भारत ने 9 विकेट से बड़ी जीत दर्ज करते हुए इस सीरीज को अपने नाम किया। इस हार के बाद साउथ अफ्रीका के हेड कोच शुक्रि कोनराड ने उस विवादास्पद टिप्पणी को स्वीकार किया, जिसने क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी थी।

    ग्रोवल शब्द का विवाद

    गुवाहाटी में खेले गए दूसरे टेस्ट मैच के दौरान साउथ अफ्रीका मजबूत स्थिति में थी। चौथे दिन जब उनसे डिक्लेयर करने में देरी के कारण पूछा गया, तो कोच कोनराड ने कहा कि वे भारत को ‘ग्रोवल’ कराना चाहते हैं।

    यह शब्द अंग्रेजी में ‘घुटनों के बल चलकर’ या ‘अपमानजनक तरीके से हार मानने’ के अर्थ में प्रयोग होता है और इसका दक्षिण अफ्रीका के नस्लीय इतिहास से भी गहरा संबंध है।

    कोनराड ने स्वीकार की गलती

    तीसरे वनडे के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में शुकरी कोनराड ने स्पष्ट रूप से माफी मांगते हुए कहा, “मैंने विचार करने के बाद माना कि मैंने गलत शब्द का उपयोग किया। मेरा कोई बुरा इरादा नहीं था और न ही मैं किसी को अपमानित करना चाहता था। मुझे बेहतर शब्दों का चयन करना चाहिए था।”

    उन्होंने बताया कि उनका आशय सिर्फ इतना था कि भारत को लंबे समय तक क्रीज पर रहना होगा और कठिन चुनौती का सामना करना होगा। लेकिन उनके शब्द ने लोगों को भ्रमित किया।

    कोनराड का अफसोस

    कोनराड ने आगे कहा, “मैं अब से अपने शब्दों का चयन बहुत सोच-समझ कर करूंगा। यह दुखद है कि इस एक शब्द ने हमारी 25 साल बाद भारत में पहली टेस्ट सीरीज जीत की चमक को कम कर दिया। हमारी टीम की विनम्रता सबसे बड़ी ताकत है और कोच की टिप्पणियाँ प्राथमिकता नहीं होनी चाहिए। मुझे उम्मीद है कि यह मामला अब समाप्त हो गया है।”

    टी-20 सीरीज पर ध्यान

    कोच ने मजाकिया अंदाज में कहा कि शायद इस विवाद ने वनडे सीरीज को और रोचक बना दिया और अब 9 दिसंबर से कटक में शुरू होने वाली पांच मैचों की टी-20 सीरीज और भी दिलचस्प होगी।

  • टेम्बा बावुमा ने दक्षिण अफ्रीकी कोच के ‘ग्रोवेल’ कमेंट पर प्रतिक्रिया दी

    टेम्बा बावुमा ने दक्षिण अफ्रीकी कोच के ‘ग्रोवेल’ कमेंट पर प्रतिक्रिया दी

    दक्षिण अफ्रीका के कप्तान टेम्बा बावुमा की प्रेस कॉन्फ्रेंस में महत्वपूर्ण टिप्पणियाँ

    दक्षिण अफ्रीका के कप्तान टेम्बा बावुमा ने दूसरे टेस्ट के बाद आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में ‘ग्रूवल’ टिप्पणी पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि इस सीरीज में कुछ खिलाड़ियों ने सीमाएं पार की हैं, जबकि अपनी टीम के उत्कृष्ट प्रदर्शन की भी सराहना की।

    कप्तान की मीडिया बातचीत

    भारत के खिलाफ गुवाहाटी में शानदार जीत के बाद बावुमा ने मीडिया से विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने कोच शुकरी कोनराड की ‘ग्रूवल’ टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सीरीज के दौरान कुछ खिलाड़ियों ने भी मर्यादा का उल्लंघन किया है। जसप्रीत बुमराह द्वारा की गई ‘बौना’ टिप्पणी का उल्लेख करते हुए, बावुमा ने अपनी टीम की मानसिक मजबूती की प्रशंसा की।

    कोच की टिप्पणी का संदर्भ

    दूसरे टेस्ट के बाद, जब बावुमा से कोच शुकरी कोनराड की ‘ग्रूवल’ टिप्पणी के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि उन्होंने अभी-अभी मैच पर ध्यान केंद्रित किया है और कोच से इस मामले पर बातचीत नहीं की है। उन्होंने यह भी कहा कि कोनराड अपने बयान पर विचार करेंगे और यह भी जोड़ा कि कुछ खिलाड़ियों ने इस सीरीज में सीमा को पार किया है, लेकिन उन्होंने किसी विशेष खिलाड़ी का नाम नहीं लिया।

    ‘खिलाड़ियों के सम्मान पर कहे गए शब्द’

    बावुमा के बयान का इशारा जसप्रीत बुमराह द्वारा उन्हें ‘बौना’ कहने की ओर था। यह शब्द आमतौर पर कम ऊंचाई वाले व्यक्ति के लिए इस्तेमाल किया जाता है, और इसकी व्याख्या को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ। बावुमा ने स्पष्ट किया कि ऐसी टिप्पणियाँ खिलाड़ियों की प्रतिष्ठा को हानि पहुँचाती हैं।

    दूसरे टेस्ट में दक्षिण अफ्रीका का उत्कृष्ट प्रदर्शन

    गुवाहाटी में खेले गए इस टेस्ट में भारतीय टीम पूरी तरह बैकफुट पर नजर आई, जबकि मेहमान दक्षिण अफ्रीका ने हर क्षेत्र में सर्वोच्च प्रदर्शन किया। उनकी बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग ने दिखाया कि वे किस तरह से आगे थे। बावुमा ने कहा कि उनकी टीम ने सभी चुनौतियों का अच्छी तरह से सामना किया।

    सीरीज जीत पर कप्तान की प्रतिक्रिया

    बावुमा ने भारत को 2-0 से क्लीन स्वीप करने को एक ‘विशेष उपलब्धि’ बताया। उन्होंने कहा कि किसी अन्य देश में इतनी बड़ी जीत हासिल करना आसान नहीं है। मानसिक दृढ़ता और अनुभव के आधार पर उन्होंने उल्लेख किया कि यह जीत उनके आत्मविश्वास को और अधिक बढ़ाएगी।

    ‘टीम की तैयारी और फॉर्म’

    बावुमा ने कहा कि सीरीज से पहले की तैयारी इस सफलता के लिए महत्वपूर्ण रही। खिलाड़ियों को अपनी भूमिकाओं का सही ज्ञान था और हर सदस्य की इच्छा थी कि वह टीम के लिए योगदान दे सके। उन्होंने यह भी कहा कि बेंच पर बैठे खिलाड़ी भी मैच जीतने की क्षमता रखते हैं। कप्तान ने बताया कि टीम इस समय शानदार फॉर्म में है और यह लय आगे भी उनके लिए लाभदायक साबित होगी।