क्रिकेट में कभी-कभी किस्मत का खेल बेहद अहम होता है, जिसका ताजा उदाहरण भारत और न्यूजीलैंड के बीच विशाखापत्तनम में हुए चौथे टी20 मैच में देखने को मिला। जब भारतीय टीम दबाव में थी, तब शिवम दुबे ने अपने जोरदार बल्लेबाजी प्रदर्शन से मैच का रुख बदलने की कोशिश की। उनकी पारी ने मैदान में उम्मीद की किरण जगाई, लेकिन एक दुर्भाग्यपूर्ण रनआउट ने भारत की वापसी की कहानी को अधूरा छोड़ दिया।
न्यूजीलैंड की आक्रामक शुरुआत
यह मुकाबला 28 जनवरी को ACA-VDCA स्टेडियम में खेला गया। न्यूजीलैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए तेज शुरुआत की। सलामी बल्लेबाज डेवोन कॉनवे और टिम सेफर्ट ने पहले विकेट के लिए 100 रन की साझेदारी की, जिससे भारतीय टीम बैकफुट पर चली गई। कॉनवे ने 23 गेंदों में 44 रन बनाए, जबकि सेफर्ट ने 36 गेंदों में 62 रन की तेज पारी खेली।
215 रन का चुनौतीपूर्ण लक्ष्य
न्यूजीलैंड ने अंतिम ओवरों में जबर्दस्त रन गति दिखाई। मध्यक्रम में डेरिल मिचेल ने 18 गेंदों में नाबाद 39 रन बनाए, जिससे उनकी टीम का स्कोर 215 तक पहुंच गया। भारतीय गेंदबाजों को अंतिम ओवरों में कठिनाई का सामना करना पड़ा। यह स्कोर टी20 में भारत के लिए चुनौतीपूर्ण साबित हुआ, और शुरू से ही उन पर दबाव महसूस किया गया।
भारतीय पारी की लड़खड़ाती शुरुआत
लक्ष्य का पीछा करते हुए भारतीय टीम की शुरुआत बेहद निराशाजनक रही। अभिषेक शर्मा पहले ही ओवर में गोल्डन डक पर आउट हो गए। कप्तान सूर्यकुमार यादव भी ज्यादा देर तक क्रीज़ पर नहीं टिक सके और सिर्फ 8 रन बनाकर लौट गए। इसके बाद संजू सैमसन और रिंकू सिंह ने पारी को संभालने का प्रयास किया, लेकिन उनकी साझेदारी भी ज्यादा लंबी नहीं चली।
शिवम दुबे का ओपनिंग प्रदर्शन
मध्यक्रम में शिवम दुबे ने आते ही आक्रामक अंदाज अपनाया। उन्होंने न्यूजीलैंड के गेंदबाजों पर आक्रमण करते हुए महज 15 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया। दुबे ने 23 गेंदों में 65 रन बनाए, जिसमें 3 चौके और 7 छक्के शामिल थे। उनकी इस पारी ने भारतीय टीम में जीत की उम्मीद जगाई थी।
किस्मत ने छीनी जीत की संभावना
पारी के 15वें ओवर की आखिरी गेंद पर दुर्भाग्य से दुबे का साथ छोड़ दिया। मैट हेनरी की गेंद पर हर्षित राणा का सीधा शॉट हेनरी के हाथ से लगकर सीधे स्टंप्स से टकरा गया, जिससे क्रीज़ से बाहर खड़े दुबे रनआउट हो गए। इसके बाद भारतीय पारी बिखर गई और न्यूजीलैंड ने 50 रन से जीत हासिल कर सीरीज में अपनी पहली सफलता दर्ज की।








