सेंटकॉम और IDF प्रमुखों की गुप्त बैठक, ईरान के खिलाफ रणनीति पर चर्चा
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भारत ने यूएन में ब्रिटेन के खिलाफ किस प्रस्ताव पर किया मतदान? लंदन में बढ़ी टेंशन
भारत ने यूएन में ब्रिटेन के खिलाफ प्रस्ताव पर मतदान किया, तनाव बढ़ा लंदन में
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ईरान के तनाव के बीच, भारत 600 करोड़ रुपये की गैस आपूर्ति योजना तैयार कर रहा है।
📌 गांडीव लाइव डेस्क:
भारत ने बढ़ते ऊर्जा संकट से निपटने के लिए उठाया बड़ा कदम 💡
नई दिल्ली: वेस्ट एशिया में व्याप्त तनाव के कारण वैश्विक ऊर्जा सप्लाई को लेकर सतर्कता बढ़ गई है। इस स्थिति से निपटने के लिए भारत सरकार ने एक महत्वाकांक्षी योजना बनाई है। सरकार ने लगभग 600 करोड़ रुपये का एक वॉर चेस्ट तैयार किया है, जिससे आवश्यकता पड़ने पर तत्काल गैस खरीदी जा सके।
गैस की कमी से खेती पर पड़ सकता है असर 🌾
इस योजना का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि देश के उर्वरक उत्पादन संयंत्रों को गैस की कमी का सामना नहीं करना पड़े। उर्वरक उत्पादन के लिए गैस की आपूर्ति अत्यंत आवश्यक है। अगर गैस की उपलब्धता कम होती है, तो यह सीधे तौर पर खेती और किसानों पर असर डाल सकता है। इसीलिए, सरकार ने यह फंड तैयार किया है ताकि किसी भी अचानक कमी को तुरंत पूरा किया जा सके।
क्या है बढ़ती चिंता का कारण? 🚨
ईरान और इजराइल के बीच तनाव के चलते होर्मुज स्ट्रेट जैसे रणनीतिक समुद्री रास्ते पर अनिश्चितता बढ़ी है। यह मार्ग वैश्विक ऊर्जा सप्लाई के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि यहां कोई रुकावट आती है, तो गैस की सप्लाई पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है। मौजूदा रिपोर्ट के अनुसार, यदि यह तनाव जारी रहता है, तो गैस की उपलब्धता 70% से घटकर 50-60% तक आ सकती है, जिससे कीमतों में भी तेज वृद्धि संभव है।
LNG की कीमतों में संभावित वृद्धि 📈
एनर्जी क्षेत्र के विशेषज्ञों का मानना है कि एशिया में लिक्विफाइड नेचुरल गैस (LNG) की कीमतों में 40% तक का उछाल आ सकता है। इसका अर्थ है कि गैस खरीदना महंगा हो जाएगा, जिससे उत्पादन लागत भी बढ़ेगी। लेकिन सरकार का यह वॉर चेस्ट इसके प्रभावों को कम करने के लिए तैयार किया जा रहा है।
उर्वरक उद्योग को मिलेगी राहत ✨
वर्तमान में, भारत के यूरिया संयंत्रों को अपनी गैस आवश्यकता का अधिकांश भाग लंबे समय के अनुबंधों के तहत प्राप्त होता है, जबकि कुछ हिस्सा स्पॉट मार्केट से खरीदा जाता है। यदि सप्लाई में कमी आती है, तो उत्पादन पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। सरकार अब स्पॉट मार्केट से अधिक गैस खरीदने की योजना बना रही है ताकि संयंत्रों का संचालन निरंतर बना रहे और किसानों को समय पर खाद मिल सके।
खरीफ सीजन में तैयारी का महत्व 🌱
भारत में खरीफ सीजन के दौरान उर्वरक की मांग बहुत अधिक होती है। ऐसे में यदि गैस की आपूर्ति प्रभावित होती है, तो उत्पादन कम हो सकता है और आयात पर निर्भरता बढ़ जाएगी। इसलिए, सरकार ने पहले से ही रणनीति तैयार कर रखी है। देश में लगभग 37 यूरिया संयंत्र गैस पर निर्भर हैं, जिनकी लागत का एक बड़ा हिस्सा इसी पर निर्भर करता है।
सरकार के कदम का प्रभाव 💪
सरकार के इस प्रयास का लाभ आम जनता को होगा। गैस की कमी से उर्वरक उत्पादन पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ेगा, जिससे खेती में कोई बाधा नहीं आएगी। इसके साथ ही, अचानक कीमतों में वृद्धि के असर को भी काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकेगा।
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भारत-बांग्लादेश के बीच बढ़े तनाव में IPL प्रसारण पर रोक का निर्णय
भारत और बांग्लादेश के बीच बढ़ता विवाद
भारत और बांग्लादेश के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है। बांग्लादेश ने टी20 विश्व कप में अपनी टीम भारत नहीं भेजने का फैसला किया है, और अब बांग्लादेश ने आईपीएल के प्रसारण पर रोक लगाने का निर्णय लिया है। हालिया जानकारी के अनुसार, बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने आईपीएल के प्रसारण को निलंबित करने का निर्णय लिया है, जबकि आईपीएल 2026 की शुरुआत मार्च में होगी।
विवाद की पृष्ठभूमि
यह विवाद तब शुरू हुआ जब भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने कोलकाता नाइट राइडर्स (केकेआर) को बांग्लादेश के तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान को टीम से बाहर करने का निर्देश दिया। केकेआर ने पिछले महीने हुई मिनी नीलामी में मुस्तफिजुर को 9.20 करोड़ रुपये में खरीदा था। लेकिन बीसीसीआई के निर्देश पर उसे टीम से बाहर कर दिया गया। इस निर्णय के कारण भारत में विवाद उत्पन्न हुआ, जिसके चलते कई राजनेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने केकेआर के मालिक शाहरुख खान पर निशाना साधा। मुस्तफिजुर का बाहर होना बांग्लादेश में नाराजगी का कारण बन गया है।
बांग्लादेश का आधिकारिक बयान
बांग्लादेश के सूचना एवं प्रसारण मंत्री ने पुष्टि की है कि उनकी सरकार ने आईपीएल के प्रसारण को रोकने का निर्णय लिया है। खेल मंत्री आसिफ नजरुल ने संकेत दिया था कि बांग्लादेश में आईपीएल का प्रसारण निलंबित किया जाएगा। उनके अनुसार, मुस्तफिजुर को केकेआर की टीम से बाहर करने के बीसीसीआई के निर्णय से बांग्लादेश के लोग आहत और नाराज हैं। उन्होंने कहा कि अगले आदेश तक बांग्लादेश में आईपीएल के सभी मैचों और संबंधित कार्यक्रमों का प्रसारण निलंबित रहेगा।
टी20 विश्व कप पर बांग्लादेश का रुख
इससे पहले, बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) ने स्पष्ट किया था कि वह अगले महीने होने वाले टी20 विश्व कप के लिए अपनी टीम भारत नहीं भेजेगा। बीसीबी ने आईसीसी से अनुरोध किया है कि विश्व कप के मैच श्रीलंका में आयोजित किए जाएं। फिलहाल, आईसीसी ने इस संदर्भ में कोई निर्णय नहीं लिया है। बांग्लादेश को अपने चार लीग मैचों में से तीन कोलकाता और एक मुंबई में खेलने हैं।
