गिरिडीह में संपत्ति विवाद का रहस्य
जन्म से पहले की वसीयत द्वारा किया गया संपत्ति का दाव
गिरिडीह में संपत्ति के एक विवाद से संबंधित एक चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, अनूप कुमार राय ने अपनी संपत्ति पर दावा करने के लिए 10 दिसंबर 1976 की एक रजिस्टर्ड वसीयत प्रस्तुत की। जबकि सरकारी रिकॉर्ड के अनुसार, उनकी जन्मतिथि 22 जुलाई 1978 दर्ज है। इस स्थिति में, अनूप ने अपने जन्म से पहले की वसीयत के आधार पर संपत्ति का दाव करते हुए करोड़ों रुपये की कथित ठगी की है।
पहले से लंबित विवाद और अन्य आरोप
जांच के दौरान यह भी पाया गया कि जिस संपत्ति का सौदा किया गया, उसका एग्रीमेंट पहले से रामदेव सिंह के साथ हो चुका था। इस संपत्ति को लेकर नगर थाना और एसडीएम कोर्ट में पहले से ही विवाद लंबित है। ऐसे में यह मामला और भी जटिल हो गया है, जिसमें कानूनी प्रक्रियाओं का पालन आवश्यक है।