रांची: छात्र आंदोलन और परीक्षा रद्द करने पर विवाद
राहुल गांधी और हेमंत सोरेन पर झारखंड के पूर्व मंत्री मरांडी ने गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि दोनों नेताओं ने एक सुनियोजित राजनीतिक साजिश के तहत छात्रों के आंदोलन को समाप्त करने के लिए परीक्षा रद्द करने का नाटक किया। मरांडी का आरोप है कि सरकार ने पहले छात्रों को कानूनी विशेषज्ञों के साथ बातचीत के लिए आमंत्रित किया था और वार्ता का आश्वासन दिया, लेकिन इसके बाद अचानक परीक्षा रद्द करने का आदेश जारी कर दिया।
सरकार पर भ्रामकता का आरोप
मरांडी ने स्पष्ट किया कि उन्होंने सरकार से कैविएट दाखिल करने का अनुरोध किया था, ताकि यदि मामला न्यायालय में जाए, तो सरकार पहले अपना पक्ष रख सके। उनका कहना है कि इस स्थिति में सरकार ने छात्रों को भ्रमित करते हुए आंदोलन को समाप्त कराया। उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री ने उनकी आशंकाओं को सही साबित कर दिया है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि सरकार की मंशा क्या थी।
छात्रों का शिकार होना
पूर्व मंत्री ने यह भी कहा कि राजनीतिक साजिश के चलते छात्र उस चाल का शिकार हो गए, जिसने उन्हें भ्रमित किया। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम को लेकर चिंता व्यक्त की और छात्रों के हितों की रक्षा के लिए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता पर बल दिया।