जामताड़ा में साइबर ठगी का नया तरीका: ‘Woohoo’ ऐप का इस्तेमाल
झारखंड के जामताड़ा जिले से एक नया और चौंकाने वाला साइबर ठगी का मामला सामने आया है। यहां अपराधी ‘Woohoo’ ऐप के माध्यम से PhonePe उपयोगकर्ताओं को निशाना बना रहे हैं। इस ठगी का तरीका इतना सरल है कि एक कैशबैक संदेश को ‘Accept’ करते ही लोगों के बैंक खातों से पैसे गायब हो जा रहे हैं। जामताड़ा पुलिस ने इस ठगी का पर्दाफाश करते हुए कर्माटांड़ के बरियारपुर गांव में एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उसके पास से मोबाइल फोन और सिम कार्ड भी बरामद किए हैं।
अपराध की शैली: फ़ोन पे यूजर्स को निशाना बनाना
साइबर अपराधियों की इस नई रणनीति के बारे में जानकारी देते हुए साइबर डीएसपी अमित रविदास ने बताया कि शहाबुद्दीन अंसारी नाम का आरोपी ‘Woohoo’ ऐप का उपयोग कर लोगों को ₹1,999 का नकली कैशबैक संदेश भेजता था। उसके बाद वह ग्राहकों को फोन करके या अन्य तरीकों से उन्हें उस कैशबैक को ‘Accept’ करने के लिए मजबूर करता था। जैसे ही किसी व्यक्ति ने इस संदेश को स्वीकार किया, उनके बैंक खातों से पैसे काटकर सीधे अपराधियों के Woohoo ऐप वॉलेट में ट्रांसफर हो जाते थे। पुलिस के मुताबिक, इस गिरोह का कार्यक्षेत्र केवल जामताड़ा तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे देश में सक्रिय है।
गिरफ्तार आरोपी और बरामदगी की जानकारी
गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान 32 वर्षीय शाहबुद्दीन अंसारी के रूप में हुई है, जो कर्माटांड़ थाना क्षेत्र के बरियारपुर गांव का निवासी है। गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने उसके पास से दो मोबाइल फोन और तीन सक्रिय सिम कार्ड बरामद किए हैं। इस मामले में जामताड़ा साइबर अपराध थाना में कांड संख्या- 35/26 (12 जून 2026) के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (B.N.S.) 2023, आई.टी. एक्ट (I.T. Act) और टेलीकम्युनिकेशंस एक्ट 2023 की विभिन्न धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
छापेमारी दल की भूमिका
इस सफल ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया था। इस टीम में साइबर अपराध थाना जामताड़ा के पु०नि०-सह-थाना प्रभारी राजेश मंडल, पु०नि० प्रशांत कुमार और रिजर्व गार्ड के जाबांज आरक्षी व हवलदार शामिल थे। उनकी तत्परता के कारण इस अपराधी को पकड़ना संभव हो सका।