जामताड़ा में सांसद नलिन सोरेन की अध्यक्षता में ‘दिशा’ बैठक, अधिकारियों को जनसमस्याओं पर सख्त चेतावनी

जामताड़ा में जिला विकास समन्वय समिति की महत्वपूर्ण बैठक

जामताड़ा समाहरणालय के सभागार में सांसद नलिन सोरेन की अध्यक्षता में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में झारखंड विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो, विधायक उदय शंकर सिंह, और जिले के अन्य प्रमुख अधिकारियों ने भाग लिया। इस दौरान जनता से जुड़े कई गंभीर मुद्दों पर निर्णय लिए गए। मानसून के दौरान जलस्तर में गिरावट, ‘मोंथा’ चक्रवात से प्रभावित किसानों के मुआवजे में देरी, और ग्रामीण सड़कों के निर्माण में ठेकेदारों की देरी पर अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई गई। इसके साथ ही, बजराघाट पर अवैध बालू खनन पर रोक लगाने के लिए स्थायी पुलिस पिकेट बनाने का आदेश दिया गया।

पेयजल संकट और चक्रवात मुआवजे पर त्वरित कार्रवाई

सांसद नलिन सोरेन ने बैठक में कहा कि “दिशा” बैठक प्रशासन और जन प्रतिनिधियों के बीच समन्वय बढ़ाने का एक प्रभावी साधन है। उन्होंने मानसून के बावजूद जिले में पानी की गंभीर समस्या पर चिंता व्यक्त की और अधिकारियों को पीने के पानी से संबंधित समस्याओं को तुरंत सुलझाने का निर्देश दिया। ‘मोंथा’ चक्रवात से प्रभावित किसानों के फसल नुकसान और मुआवजे की स्थिति की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि नुकसान का आकलन किया जा चुका है और रिपोर्ट विभाग को भेज दी गई है, जिस पर जल्दी ही कार्रवाई की जाएगी।

जमीन अधिग्रहण में सुस्ती पर नाराजगी

विधानसभा अध्यक्ष रवींद्रनाथ महतो ने भूमि अधिग्रहण की धीमी प्रक्रिया पर अपनी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसी तकनीकें अपनाई जाएं जिससे निर्माण कार्यों में कोई बाधा न आए। इसके अलावा, उन्होंने जमीन मालिकों को समय पर मुआवजा देने की आवश्यकता पर जोर दिया ताकि विकास कार्य सुचारू रूप से चल सकें। सिंचाई परियोजनाओं और बरबेंदिया पुल के निर्माण में तेजी लाने के लिए भी दिशानिर्देश दिए गए। शहर में ट्रैफिक जाम की समस्या, खासकर गायछन्द बॉटलनैक पर, ध्यान देने की आवश्यकता है।

अवैध बालू खनन रोकने के लिए बजराघाट पर पुलिस पिकेट

बैठक में बजराघाट पर अवैध बालू खनन और असामाजिक तत्वों द्वारा सुरक्षा के उपायों को नुकसान पहुंचाने का मामला उठाया गया। इस पर कड़ी कार्रवाई करते हुए वहां स्थायी पुलिस पिकेट बनाने का निर्णय लिया गया। धनबाद जिला प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर अवैध खनन और परिवहन पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए। NGT के आदेशानुसार 15 अक्टूबर तक बालू खनन पर रोक लगाने की जिम्मेदारी माइनिंग ऑफिसर को दी गई है। सांसद ने पुलिस अधीक्षक से यह भी कहा कि निर्दोष व्यक्तियों पर कोई भी कार्रवाई न की जाए और पहले मामले की सच्चाई की जांच की जाए।

स्वरोजगार के अवसर और स्वास्थ्य सुरक्षा

सांसद ने मलेरिया के संभावित प्रकोप को देखते हुए मलेरिया प्रभावित क्षेत्रों में DDT का छिड़काव करने के निर्देश दिए ताकि महामारी से बचाव किया जा सके। इसके अलावा, जेएसएलपीएस (JSLPS) और आरसेटी (RSETI) के माध्यम से सिलाई मशीन पाने वाली 135 महिलाओं के रोजगार के परिणामों की समीक्षा की गई और उन्हें उनकी योग्यता के अनुसार स्वरोजगार से जोड़ने की योजना बनाई गई।

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