जेपीएससी परीक्षा में धांधली का आरोप
रांची में हाल ही में आयोजित जेपीएससी परीक्षा के संबंध में गंभीर आरोप लगाए गए हैं। एक प्रमुख नेता ने कहा है कि इस परीक्षा में पेपर लीक नहीं, बल्कि **पेपर फिक्सिंग** का मामला सामने आया है। उनके अनुसार, यह स्पष्ट है कि इस परीक्षा में नौकरी के लिए धन की लेन-देन की गई है।
कम अंक वाले अभ्यर्थियों का सफल होना
आरोपों के अनुसार, कम अंक प्राप्त करने वाले अभ्यर्थी पास हो गए, जबकि उच्च अंक लाने वाले अभ्यर्थी असफल रहे। नेता ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार के समर्थन से परीक्षा आयोजित करने वाली एजेंसी ने इस घोटाले को अंजाम दिया है। इस संदर्भ में सीआईडी जांच को लेकर छात्रों ने अपनी नाराजगी व्यक्त की है और इसे एक **आईवॉश** करार दिया है।
14वीं जेपीएससी पीटी परीक्षा की रद्दीकरण की मांग
नेता ने मांग की है कि 14वीं जेपीएससी पीटी परीक्षा को तत्काल रद्द किया जाए। जांच में यह भी सामने आया है कि अभय तिवारी, जो कि मार्केटिंग मैनेजर हैं, ने 13 में से 12 परीक्षाओं में सफलता प्राप्त की है, जिसमें कुछ परीक्षाओं में उन्होंने टॉप भी किया है। उनके खिलाफ आरोप है कि उन्होंने नौकरी के लिए 20-30 लाख रुपये की वसूली की है।
उच्च न्यायालय की देखरेख में सीबीआई जांच की मांग
इस मामले में नेता ने यह भी कहा कि उनकी पार्टी की मांग है कि 2019 के बाद की सभी परीक्षाओं की जांच उच्च न्यायालय की देखरेख में सीबीआई द्वारा की जाए। यह मांग इस सभी घटनाक्रमों की गहन जांच की आवश्यकता को दर्शाती है।