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  • कांग्रेस नेता ने मोदी से दिल्ली धमाकों पर सवाल किया, कहा शिक्षित युवा क्यों बन रहे आतंकवादी

    कांग्रेस नेता ने मोदी से दिल्ली धमाकों पर सवाल किया, कहा शिक्षित युवा क्यों बन रहे आतंकवादी

    दिल्ली में लाल किले के पास बम धमाके की जांच में नई जानकारी

    नई दिल्ली। दिल्ली में लाल किले के समीप हाल ही में हुए बम धमाके से संबंधित कुछ चिकित्सकों की संलिप्तता के बारे में जानकारी सामने आई है, जिससे कई प्रश्न उठने लगे हैं। इस घटना के चलते अल फलाह विश्वविद्यालय की मान्यता रद्द कर दी गई है। इस संदर्भ में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राशिद अल्वी ने उन चिकित्सकों का बचाव करते हुए प्रधानमंत्री मोदी से कई सवाल किए हैं। उन्होंने कहा कि ‘वो पढ़ा-लिखा युवक जिसने एमबीबीएस और एमडी की डिग्री ली है, वह आतंकवाद का मार्ग क्यों चुन रहा है? उसे अपने परिवार के साथ आराम से जीने का अवसर है।’

    राशिद अल्वी का सवाल

    राशिद अल्वी ने स्पष्ट किया कि किन परिस्थितियों ने डॉक्टरों को इस रास्ते पर चलने पर मजबूर किया? उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी से कहा कि यह आपकी जिम्मेदारी है कि आप इन मुद्दों पर गंभीरता से विचार करें।

    जांच प्रक्रिया और एसआईटी का गठन

    दिल्ली में लाल किले के पास हुए कार विस्फोट और ‘सफेदपोश’ आतंकवादी मॉड्यूल के भंडाफोड़ के संबंध में विभिन्न एजेंसियां जांच कर रही हैं। इस मामले में फरीदाबाद पुलिस ने अल फलाह विश्वविद्यालय की गतिविधियों की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है। कई चिकित्सकों को गिरफ्तार किया गया है जो इस घटना से जुड़े हुए हैं।

    पुलिस की हिरासत में संदिग्ध

    जांच एजेंसियों ने एक कैब चालक, एक धर्मगुरु और एक उर्दू शिक्षक को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। एसआईटी में दो सहायक पुलिस आयुक्त, एक निरीक्षक और दो उप निरीक्षक शामिल हैं, जो विश्वविद्यालय की गतिविधियों पर एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं। पुलिस सूत्रों ने पुष्टि की है कि यह एसआईटी तब गठित की गई जब पुलिस महानिदेशक ओ.पी. सिंह ने मंगलवार को अल फलाह विश्वविद्यालय का दौरा किया था।

    आतंकवादी संगठन के संबंध

    जांच के दायरे के विस्तार के साथ, दिल्ली पुलिस की विशेष शाखा को इंडियन मुजाहिदीन के भगोड़े आतंकवादी मिर्जा शादाब बेग से जुड़ी नई जानकारी मिली है। रिपोर्ट के अनुसार, बेग 2007 में अल फलाह विश्वविद्यालय का छात्र था, जब यह कॉलेज के तौर पर कार्यरत था। 2014 में इसे विश्वविद्यालय का दर्जा दिया गया था।

  • सोनिया गांधी की अनुपस्थिति में CWC बैठक में खरगे ने कहा- पीएम मोदी हुए असफल

    सोनिया गांधी की अनुपस्थिति में CWC बैठक में खरगे ने कहा- पीएम मोदी हुए असफल

    📌 गांडीव लाइव डेस्क:

    कांग्रेस की महत्वपूर्ण CWC बैठक पटना में आयोजित

    पटना में आज कांग्रेस पार्टी के लिए एक विशेष दिन है। स्वतंत्रता के बाद पहली बार बिहार में कांग्रेस की वर्किंग कमेटी (CWC) की बैठक शुरू हुई है। यह बैठक सुबह 10 बजे से लेकर शाम 4 बजे तक चलने वाली है। कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, सोनिया गांधी, राहुल गांधी और अन्य 150 से अधिक वरिष्ठ नेता इस अहम बैठक में शामिल हो रहे हैं। बिहार प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष राजेश राम ने बताया कि इस बैठक से पार्टी कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ा है, और तैयारी पूरी तरह से की गई है।

    CWC बैठक की शुरुआत

    CWC की बैठक का औपचारिक शुभारंभ कांग्रेस अध्यक्ष ने सदाकत आश्रम में झंडा फहराकर किया। इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, राहुल गांधी, सचिन पायलट और अन्य वरिष्ठ नेता शामिल हैं।

    खंड में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष का संदेश

    बैठक में प्रधानमंंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों पर चर्चा करते हुए मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि भारत इस समय दोनों राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गंभीर समस्याओं का सामना कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार की कूटनीति में विफलता की वजह से देश को काफी मुद्दों का सामना करना पड़ रहा है।

    राहुल गांधी का पटना आगमन

    राहुल गांधी पटना पहुँच चुके हैं, जहाँ उनका स्वागत वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं द्वारा किया गया। वह सीधे सदाकत आश्रम पहुंचे, जहां कांग्रेस कार्यकर्ता उनका जोरदार स्वागत कर रहे हैं।

    सोनिया गांधी की अनुपस्थिति के कारण

    सोनिया गांधी के न आने पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बताया कि उनकी तबीयत ठीक नहीं थी, जिससे वह बैठक में भाग नहीं ले पाईं। उन्होंने यह भी ज़ाहिर किया कि मुख्यमंत्री पद पर बात तभी की जाएगी जब इंडिया गठबंधन की बैठक होगी।

    कांग्रेस का नया लड़ाई का आह्वान

    कांग्रेस के बिहार प्रभारी कृष्णा अल्लावरु ने कहा कि पार्टी बिहार में एक तरह का ‘स्वतंत्रता संग्राम’ लड़ रही है। उन्होंने भाजपा पर सत्ता के दुरुपयोग का आरोप लगाया और कहा कि यह बैठक पार्टी के लिए चुनावी योज़नाओं को मजबूत बनाने का एक ऐतिहासिक अवसर है।

    सदाकत आश्रम के बाहर कार्यकर्ताओं की भीड़

    सदाकत आश्रम में सभी व्यवस्थाएँ चाक-चौबंद हैं। यहां बिना पास किसी को भी प्रवेश नहीं मिल रहा है। आश्रम के भीतर और बाहर पुलिस की बड़ी संख्या में तैनाती की गई है।

    पवन खेड़ा का गंभीर आरोप

    कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन खेड़ा ने NDA सरकार पर सीधा हमला करते हुए कहा कि मोदी सरकार वोट चुराने के लिए षड्यंत्र कर रही है और चुनाव आयोग का दुरुपयोग कर रही है।

    सचिन पायलट की टिप्पणी

    सचिन पायलट ने कहा कि यह बैठक ऐतिहासिक है और इससे राष्ट्रीय राजनीति की दिशा तय होगी। उन्होंने कहा कि बिहार के लोग बदलाव की चाहत रखते हैं और सीट शेयरिंग पर विस्तार से चर्चा उत्सव के बाद होगी।

    पप्पू यादव का जिक्र

    खुद को कांग्रेसी कहने वाले पप्पू यादव ने राहुल गांधी का स्वागत करते हुए कहा कि यह बैठक वोट चोरों से देश को आजाद कराने के लिए महत्वपूर्ण है।

    भूपेश बघेल का बयान

    CWC की बैठक के बीच भूपेश बघेल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी कई मोर्चों पर असफल हुए हैं, जिसके परिणामस्वरूप देश की स्थिति बिगड़ चुकी है।

    कांग्रेस की यह बैठक न केवल महत्वपूर्ण है, बल्कि आने वाले चुनावों में राजनीतिक रणनीतियों को भी नया मोड़ दे सकती है।

  • कर्नाटक को पीएम मोदी ने दी बेंगलुरु-मायसुरु एक्सप्रेसवे की सौगात

    कर्नाटक को पीएम मोदी ने दी बेंगलुरु-मायसुरु एक्सप्रेसवे की सौगात

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज कर्नाटक के दौरे पर हैं जहां उन्होंने मंड्या जिले में एक सार्वजनिक रैली में बेंगलुरु-मायसुरु एक्सप्रेसवे का उद्घाटन किया। कर्नाटक में पीएम मोदी हुबली-धारवाड़ में 16 हजार करोड़ की परियोजनाओं की सौगात दे रहे हैं। कार्यक्रम से पहले पीएम मोदी ने मांड्या में रोड शो के जरिए शक्ति प्रदर्शन किया जहां लोगों ने फूलों से उनका स्वागत किया। बेंगलुरु-मायसुरु एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के बाद पीएम ने एक विशाल रैली को भी संबोधित किया। इस दौरान पीएम ने कहा कि पिछले कुछ दिनों में, बेंगलुरु-मायसुरु एक्सप्रेसवे की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो गई हैं। युवा हमारे राष्ट्र के विकास को देखने में बहुत गर्व कर रहे हैं। ये सभी परियोजनाएं समृद्धि और विकास के रास्ते को खोल देंगी।

  • पीएम मोदी पर BBC की डॉक्यूमेंट्री पर सुप्रीम कोर्ट अगले हफ्ते करेगा सुनवाई

    पीएम मोदी पर BBC की डॉक्यूमेंट्री पर सुप्रीम कोर्ट अगले हफ्ते करेगा सुनवाई

    याचिकाकर्ता ने BBC की डॉक्यूमेंट्री पर भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय की ओर से 21 जनवरी, 2023 को जारी आदेश को मनमाना, दुर्भाग्यपूर्ण और असंवैधानिक बताते हुए रद्द करने का निर्देश देने की मांग की है. 

    नई दिल्‍ली: बीबीसी की डॉक्‍यूमेंटी पर पाबंदी लगाने का मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है. सुप्रीम कोर्ट में बीबीसी (BBC) की  डॉक्यूमेंट्री पर पाबंदी लगाने के खिलाफ याचिका दायर की गई हैं. वकील मनोहर लाल शर्मा द्वारा दायर की गई इस याचिका में डॉक्‍यूमेंट्री पर पाबंदी लगाने के केंद्र सरकार के फैसले को चुनौती दी गई है. सुप्रीम कोर्ट 6 फरवरी को इस मामले पर सुनवाई करेगा.

    याचिकाकर्ता वकील एमएल शर्मा ने जल्द सुनवाई की मांग की थी, लेकिन सीजेआई डी वाई चंद्रचूड़ ने कहा कि 6 फरवरी को सुनवाई होगी. इस याचिका में वर्ष 2002 में गुजरात में हुए सांप्रदायिक दंगों और उसके पहले बाद बनी परिस्थितियों पर बीबीसी की बनाई दो भागों वाली इस विवादास्पद डॉक्यूमेंट्री ‘इण्डिया: द मोदी क्वेश्चन’ पर कथित पाबंदी लगाने के केंद्र सरकार के आदेश को चुनौती दी गई है. याचिकाकर्ता ने इस डॉक्यूमेंट्री पर भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय की ओर से 21 जनवरी, 2023 को जारी आदेश को मनमाना, दुर्भाग्यपूर्ण और असंवैधानिक बताते हुए रद्द करने का निर्देश देने की मांग की है. 

    याचिका में कोर्ट से गुहार लगाई गई है कि देशभर में विवाद की जड़ बनी बीबीसी की इस डॉक्यूमेंट्री के दोनों पार्ट, कोर्ट में मंगाकर उनमें मौजूद सामग्री की तथ्य आधारित गहन जांच पड़ताल हो. इसके बाद कोर्ट उन लोगों के खिलाफ कार्रवाई का आदेश दे, जो 2002 के गुजरात दंगों के लिए प्रत्यक्ष या परोक्ष तौर पर जिम्मेदार थे.

    कोर्ट यह तय कर दे कि क्या देश के नागरिकों को संविधान के अनुच्छेद 19 (1) (2) के तहत दिए गए अभिव्यक्ति के अधिकार के तहत 2002 के गुजरात दंगों पर समाचार, तथ्य और रिपोर्ट देखने का अधिकार है? क्या केंद्र सरकार प्रेस की स्वतंत्रता और अभिव्यक्ति के मौलिक अधिकार पर अंकुश लगा सकती है? क्या राष्ट्रपति संविधान के अनुच्छेद 352 का प्रयोग करते हुए आपातकाल घोषित किए बिना, केंद्र सरकार द्वारा आपातकालीन प्रावधानों को लागू कर सकते हैं? अर्जी में दावा किया गया है कि बीबीसी की डॉक्यूमेंट्री में ऐसे रिकॉर्डेड तथ्य और सबूत हैं, जिनका उपयोग पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए किया जा सकता है.

  • कड़िया मुंडा बनें पीएम केयर्स फंड के बोर्ड ऑफ ट्रस्टी

    पीएम मोदी के सलाहकार अमित खरे ने पत्र भेजकर दी जानकारी, कल होगी बैठक

    रांची | भाजपा के वरिष्ठ नेता सह खूंटी के पूर्व सांसद कड़िया मुंडा को प्रधानमंत्री केयर्स फंड का बोर्ड ऑफ ट्रस्टी बनाया गया है। कल 21 सितंबर को बोर्ड की मीटिंग होनी है, जिसके लिए उन्हें आमंत्रित किया गया है। ट्रस्टी के रूप में नामित किए जाने की जानकारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सलाहकार सेवानिवृत्त आईएएस अमित खरे ने पत्र भेजकर श्री मुंडा को दी है। इसके साथ ही मीटिंग का एजेंडा भी श्री मुंडा को भेजा गया है। वे इस मीटिंग में फिजिकल अथवा ऑनलाइन मोड में शामिल हो सकेंगे।


    क्या है पीएम केयर्स फंड

    पीएम केयर्स फंड की स्थापना एक विशेष राष्ट्रीय कोष की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए की गई है | इसका मूल्य उद्देश्य किसी भी प्रकार की कठिन परिस्थिति से निपटना है | भविष्य में इसका इस्तेमाल दीर्घकालिक संस्थागत क्षमता निर्माण को मुहैया कराने के लिए किया जा सकती है ताकि वे कोई आपात स्थिति उत्पन्न होने पर सफल प्रभावी कार्यवाही कर सके और जन सामान्य को राहत प्रदान कर सके |

    इस कोष की कोविड महामारी के दौरान देशभर में कोविड अस्पताल विकसित करने, वेंटिलेटर और ऑक्सीजन उपकरण उपलब्ध कराने, ऑक्सीजन प्लांट स्थापित करने और अन्य आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका रही है| इससे कई परिवारों का जीवन और भविष्य बचाने में मदद मिली | इस कोष ने पीएम केयर्स फॉर चिल्ड्रन स्कीम शुरू की है |इसके अंतर्गत ऐसे बच्चों को सहायता दी जा रही है जिन्होंने कोविड महामारी के दौरान अपने माता-पिता दोनों को खो दिया है |यह इसलिए संभव हुआ क्योंकि हमारे करोड़ों देशवासियों ने इस कोष में योगदान देकर त्याग की अनुकरणीय भावना दिखाई|

  • विश्व में बढ़ा भारत का मान : गवर्नर

    रमेश बैस ने राजभवन में किया मोदी@20 पुस्तक का विमोचन

    रांची। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रभाव और उनकी लोकप्रियता सिर्फ देश तक ही सीमित नहीं है, बल्कि विश्वव्यापी है। आज पूरा राष्ट्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का जन्मदिन पूरे उत्साह के साथ मना रहा है। यह कहना था झारखंड के गवर्नर रमेश बैस का। राज्यपाल आज राज भवन में प्रधानमंत्री के जन्मदिन के अवसर पर उनके जीवन पर आधारित “मोदी@ 20 पुस्तक” का विमोचन कर रहे थे। उक्त अवसर पर सांसद दीपक प्रकाश, सांसद आदित्य साहू, विधायक भानु प्रताप शाही, कुलपतिगण, प्रबुद्धजन एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। गवर्नर श्री बैस ने प्रधानमंत्री के स्वस्थ एवं दीर्घायु जीवन की कामना करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने अपने कार्यों से पूरे विश्व में भारत का गौरव एवं सम्मान बढ़ाया है।

    मोदी के साथ लंबे समय तक काम कर चुके हैं बैस

    राज्यपाल ने कहा कि श्री मोदी के साथ उन्हें लंबे समय तक कार्य करने का अवसर मिला। गुजरात के मुख्यमंत्री बनने के पूर्व श्री मोदी छत्तीसगढ़ के प्रभारी हुआ करते थे। उनका काम करने का ढ़ंग जमीनी रहा। वे सदा देश की सोचते रहते थे। राज्यपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री का विज़न ही हैं कि उनकी पहल पर पूरा विश्व आज ‘अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस’ मनाता है। योग समस्त विश्व को स्वस्थ एवं सुखी बनाने के सहज माध्यम के रूप में उभरा है। यह पूरी दुनिया को भारत का महान उपहार है। प्रधानमंत्री का मानना है कि जनसंवाद की प्रक्रिया के बिना जन भागीदारी अधूरी है, वे सदैव जनता से संवाद स्थापित कर उन्हें विकास के लिए प्रेरित करते हैं। उन्होंने जनता के लिए कई लोक-कल्याणकारी योजनाएँ धरातल पर उतारा है। राज्यपाल ने कहा कि विभिन्न नीतियों व योजनाओं को लोगों तक पहुंचाने के लिए प्रधानमंत्री के द्वारा किए जा रहे प्रयासों में उनके संकल्प एवं उनकी दूरदर्शिता को निकट से देखा जा सकता है, चाहे वो खुले में शौच का मुद्दा हो या स्वच्छ भारत अभियान, जल जीवन मिशन हो या फिर वोकल फॉर लोकल, डिजिटल इंडिया हो या मेक इन इंडिया। सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास का आह्वान भारत के उत्थान का मूलमंत्र बन चुका है। जम्मू-कश्मीर में संवैधानिक सुधार प्रधानमंत्री जी की दृढ़ इच्छाशक्ति से ही संभव हो सका है।

    युवाओं को पढ़नी चाहिए मोदी@20

    राज्यपाल ने मोदी@ 20 पुस्तक के संदर्भ में कहा कि यह पुस्तक अत्यंत उपयोगी है। युवा पीढ़ी को यह पुस्तक अवश्य पढनी चाहिए। यह किताब प्रधानमंत्री जी के विज़न को दर्शाती है। मेरी दृष्टि में, यह पुस्तक सामाजिक क्षेत्र में कार्य करने वाले लोगों का तो सदा पथ-प्रदर्शन करती ही रहेगी, साथ ही हमारे युवाओं के लिए प्रेरणादायक भी होगी। प्रस्तावना के बाद इस पुस्तक में पाँच खंड हैं। प्रत्येक अध्याय एक प्रख्यात विशेषज्ञ द्वारा लिखा गया है। शोबाना कामिनेनी, सुरजीत एस० भाला, गृह मंत्री अमित शाह, डॉ० शमिका रवि, उदय एस० कोटक, अनुपम खेर, अशोक गुलाटी, डॉ० देवी शेट्ठी, नंदन नीलेकणी, नृपेंद्र मिश्रा, सदगुरु, सुधा मूर्ति, अजित डोभाल और डॉ० एस जयशंकर द्वारा इस पुस्तक में आदरणीय प्राधानमंत्री जी के संदर्भ में काफी कुछ लिखा गया है।
    राज्यपाल महोदय ने कहा कि इस पुस्तक में माननीय गृह मंत्री श्री अमित शाह जी ने प्रधानमंत्री जी से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डालते हुए लिखा है कि मोदी जी ने निस्संदेह समाज में जो कुछ भी देखा, अनुभव किया और सीखा है, उससे शासन में उनकी नीतियाँ प्रभावित हुई हैं। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना और स्वच्छ भारत अभियान ऐसी अवधारनाएं थीं, जो प्रधानमंत्री जी के दिमाग में उनकी निरंतर यात्राओं के शुरुआती दिनों से घूम रहीं थीं। कृषि वैज्ञानिक अशोक गुलाटी ने कृषि क्षेत्र प्रबंधन पर लिखा है। प्रमुख चिकित्सा पेशेवर डॉ० देवी शेट्ठी कोविड-19 महामारी के प्रबंधन में शासन की प्रतिक्रिया का विश्लेषण करती है। हमने मानव इतिहास में अभूतपूर्व चुनौती का सामना किया। हम सभी के लिए गर्व की बात है कि हमारा देश टीकाकरण के मामले में न केवल आत्मनिर्भर रहा है, बल्कि दूसरे देशों की भी हमने सहायता की।
    सांसद श्री दीपक प्रकाश ने इस अवसर पर कहा कि यह पुस्तक माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के मुख्यमंत्री से प्रधानमंत्री तक 20 वर्षों के सफर पर आधारित है जिसे विभिन्न क्षेत्र के विशेषज्ञों द्वारा लिखा गया। उन्होंने कच्छ इलाके में भू-कम्प आने के बाद जिस प्रकार जनसेवा का कार्य किया, वह अद्वितीय है। उनके नेतृत्व में गुजरात में सामाजिक, आर्थिक, ग्रामीण विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की, पूरे देश में गुजरात मॉडल की सराहना होने लगी। प्रधानमंत्री बनने के बाद वे देश के विकास हेतु सदा तत्पर रहते हैं। उनके विचारों में नेशन फ़र्स्ट की भावना सदा सब देख सकते हैं। उन्होंने सामाजिक क्षेत्र में विभिन्न लोककल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतारा। कृषि क्षेत्र में उन्होंने क्रान्ति लाने का कार्य किया। राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दे पर प्रधानमंत्री जी द्वारा बहुत सशक्त एवं प्रभावशाली कदम उठाए गए। प्रधानमंत्री जी ने अपने जीवन में कर्म को प्रधानता दी। अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उन्होंने हर देशवासी का मान-सम्मान बढ़ाया।
    मंच संचालन विधायक श्री भानु प्रताप शाही ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन श्री प्रेम मित्तल द्वारा किया गया।