रामगढ़ : रामगढ़ जिले के रजरप्पा थाना क्षेत्र में हुई चर्चित शिव शंकर ज्वेलर्स के डकैती मामले में पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पहले सात आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद, पुलिस ने मुख्य आरोपी सुभानी अंसारी उर्फ ललका की पत्नी नाजमा खातुन (40 वर्ष) और दामाद शहनवाज हुसैन (24 वर्ष) को भी गिरफ्तार किया है। इनके द्वारा दिए गए संकेतों पर पुलिस ने जमीन में छिपाए गए कई सोने-चांदी के आभूषण बरामद किए हैं।
21 अप्रैल को दिनदहाड़े हुई थी डकैती
एसपी मुकेश लुनायत ने बताया कि 21 अप्रैल को दोपहर करीब 3:40 बजे रजरप्पा थाना क्षेत्र के चितरपुर रजरप्पा मोड़ पर स्थित शिव शंकर ज्वेलर्स की दुकान में डकैती की घटना घटित हुई थी। इसके बाद दुकान के संचालक विष्णु प्रसाद के बयान पर रजरप्पा थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। इस दिनदहाड़े हुई वारदात ने इलाके में खलबली मचा दी थी और स्थानीय व्यापारियों में डर का माहौल बन गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए रामगढ़ एसपी मुकेश कुमार लुणायत के निर्देश पर डीएसपी चंदन वत्स की अगुवाई में एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 24 अप्रैल को सात अपराधियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। उस समय पुलिस ने लूटे गए सामान में से करीब 180 आइटम, एक पिस्टल, तीन जिंदा कारतूस, तीन दोपहिया वाहन, एक चारपहिया वाहन, दो मोबाइल फोन और घटना के समय पहने गए कपड़े बरामद किए थे।
गुप्त सूचना पर फिर चला पुलिस का ऑपरेशन
पुलिस लूटे गए अन्य सामानों और बाकी आरोपियों की खोज में लगातार छापेमारी कर रही थी। इसी दौरान 10 मई को गुप्त सूचना मिली। इसके बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी सुभानी अंसारी उर्फ ललका के परिवार का पीछा किया। पुलिस ने उसकी पत्नी नाजमा खातुन और दामाद शहनवाज हुसैन को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ के परिणामस्वरूप, नाजमा खातुन के घर में जमीन के नीचे छिपाए गए आभूषण बरामद किए गए।
क्या-क्या मिला
पुलिस ने बरामदगी में एक सोने जैसा हार और दो झुमके, साथ ही बड़ी संख्या में चांदी के कंगन, चूड़ियां और अंगूठियां प्राप्त की हैं। बरामद सामान में सोने जैसे धातु का वजन करीब 49 ग्राम, चांदी के जेवर का वजन लगभग 1350 ग्राम है, और कुल मिलाकर बरामद सामान की संख्या करीब 134 पीस है। इनमें डिजाइनर चूड़ियां, कंगन, अंगूठियां और अन्य आभूषण शामिल हैं। एसपी ने बताया कि इस डकैती कांड में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है, और लूट के बाकी सामान की बरामदगी के लिए छापेमारी का अभियान लगातार चल रहा है।