कंकड़बाग इलाके में अतिक्रमण हटाने के दौरान हिंसक झड़प
कंकड़बाग क्षेत्र में मेदांता अस्पताल के पास अतिक्रमण हटाने के प्रयास के दौरान एक हिंसक झड़प हो गई। इस घटनाक्रम में पुलिसकर्मी और स्थानीय निवासी दोनों घायल हुए हैं। नगर पालिका के अधिकारियों ने अवैध रूप से रह रहे लोगों को हटाने का अभियान शुरू किया था, जिसकी स्थानीय लोगों द्वारा व्यापक रूप से निंदा की गई। जब विरोध प्रदर्शन तेज हुआ, तो पुलिस पर पथराव किया गया, जिससे स्थिति और बिगड़ गई।
पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच टकराव
विरोध के दौरान माहौल तनावपूर्ण हो गया और पुलिस और स्थानीय निवासियों के बीच नोकझोंक शुरू हो गई, जो जल्द ही संघर्ष में बदल गई। कुछ उपद्रवी तत्वों ने पुलिसकर्मियों पर पत्थर फेंकना शुरू कर दिया, जिससे कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। इस दौरान आसपास के लोग भयभीत होकर इधर-उधर भागते नजर आए, जिससे क्षेत्र में आतंक का माहौल उत्पन्न हो गया।
अतिरिक्त बल की तैनाती
स्थिति को संभालने के लिए आसपास के थानों से अतिरिक्त पुलिस बल को बुलाया गया। भारी संख्या में पुलिस की तैनाती के बाद धीरे-धीरे हालात पर नियंत्रण पाया गया। पुलिस ने मेदांता अस्पताल और उसके आस-पास के इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी है ताकि कोई नई अप्रिय घटना न हो। घायलों को निकटवर्ती अस्पतालों में उपचार के लिए भेजा गया।
तनाव की स्थिति और पुलिस गश्त
घटना के बाद कंकड़बाग और उसके आस-पास के इलाकों में तनाव बना हुआ है। पुलिस ने एहतियातन गश्त बढ़ा दी है। अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना उनकी प्राथमिकता है, और किसी भी प्रकार की अराजकता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मेदांता अस्पताल के आसपास भी पुलिस की उपस्थिती को बढ़ाया गया है ताकि मरीजों और उनके परिजनों को किसी भी प्रकार की कठिनाई न हो।
नगर निगम का बयान
नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई पूरी तरह से नियमों के अनुसार की जा रही है। उनके अनुसार, इस क्षेत्र में अवैध निर्माण की लगातार शिकायतें आ रही थीं, जो यातायात को प्रभावित कर रही थीं। निगम ने दावा किया है कि कार्रवाई से पूर्व लोगों को उचित सूचना दी गई थी। अधिकारियों ने यह भी उल्लेख किया कि जिन लोगों के पास वैध दस्तावेज हैं, उनके मामलों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जाएगा।