ठंड और कोहरे का प्रभाव बिहार में बना हुआ है
बिहार के विभिन्न जिलों में ठंड और कोहरे का प्रकोप जारी है। पटना और आसपास के क्षेत्रों में पछुआ हवा ने सर्दी को और बढ़ा दिया है। मौसम विज्ञान केंद्र पटना के अनुसार, उत्तर बिहार के पूर्वी और पश्चिम चंपारण, सीतामढ़ी, शिवहर, मधुबनी, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, मधेपुरा, सुपौल, अररिया और पूर्णिया जिलों में सुबह और शाम के समय घना कोहरा छाए रहने की संभावना है।
तापमान की स्थिति
अगले 24 घंटों में आंशिक बादल छाए रहने के बीच हवा की गति 30-40 किमी प्रति घंटा रहने का पूर्वानुमान है। राज्य में न्यूनतम तापमान में 1 से 3 डिग्री तक की गिरावट आ सकती है। इसके अलावा, पूर्वोत्तर बांग्लादेश और आसपास के क्षेत्रों में समुद्र तल से 1.5 किमी ऊँचाई पर चक्रवाती परिसंचरण का असर बना हुआ है, जिससे उत्तरी क्षेत्र में कोहरे का प्रभाव बढ़ सकता है।
राज्य के विभिन्न जिलों का तापमान
रविवार के दिन, पटना और आसपास के क्षेत्रों में पछुआ हवाओं के चलते मौसम सूखा और ठंडा रहा। किशनगंज में 9.3 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे कम तापमान रिकॉर्ड किया गया, जबकि राजधानी पटना का न्यूनतम तापमान 13.4 डिग्री सेल्सियस था। यह पिछले 20 वर्षों में राजधानी का सबसे कम न्यूनतम तापमान है।
दृश्यता और अन्य तापमान की जानकारी
मोतिहारी में 150 मीटर की दृश्यता के साथ ठंड का आघात सामने आया। पटना के अलावा 10 अन्य जिलों में न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई। पटना का उच्चतम तापमान 25.5 डिग्री सेल्सियस जबकि कैमूर में 28.9 डिग्री सेल्सियस के साथ सर्वाधिक तापमान पाया गया। मोतिहारी, फारबिसगंज और किशनगंज को छोड़कर अन्य जिलों में तापमान में वृद्धि देखी गई।
मौसम में संभावित बदलाव
मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि 12 फरवरी के बाद मौसम में बदलाव हो सकता है। उस समय तापमान में थोड़ी वृद्धि और कोहरे की तीव्रता में कमी की संभावना है। कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश या बूंदाबांदी की भी उम्मीद की जा रही है, जिससे ठंड से राहत मिल सकती है।