पटना में NEET छात्रा की मौत मामले में 10 और सैंपल लिए गए, हॉस्टल संचालक का बेटा भी SIT की निगरानी में

पटना में NEET छात्रा की मौत का मामलाः 10 लोगों का और लिया गया सैंपल, हॉस्टल संचालक का बेटा भी SIT के रडार पर

नीट की तैयारी कर रही छात्रा की मौत: SIT ने शुरू की जांच

पटना: चित्रगुप्त नगर थाना क्षेत्र के एक गर्ल्स हॉस्टल में नीट की तैयारी कर रही छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने विशेष जांच टीम (SIT) गठित की है। SIT ने यौन हिंसा के आरोप के संदर्भ में 25 लोगों के रक्त के नमूनों को फॉरेंसिक लैब में जीन सेंकड के लिए भेजा है, जिसमें आरोपी के अलावा कुछ करीबी लोग भी शामिल हैं।

जांच में तेजी और नए साक्ष्य

पुलिस ने बुधवार को हॉस्टल संचालक के बेटे समेत 10 अन्य लोगों के रक्त नमूने भी लिए हैं। यह विशेष जांच ज़िम्मेदारी से यह सुनिश्चित करना चाहती है कि सभी संभावित साक्ष्यों को सही तरीके से एकत्र किया जाए। मौजूदा सूची में से 25 लोगों में से 15 पटना के हैं।

डीएनए प्रोफाइल रिपोर्ट में देरी

SIT के अधिकारियों के मुताबिक, एक व्यक्ति के डीएनए प्रोफाइलिंग में दो से तीन दिनों का समय लग सकता है। नमूनों की अधिक संख्या के कारण, अंतिम रिपोर्ट आने में थोड़ी देरी हो सकती है। SIT छात्रा की यात्रा इतिहास, कॉल डिटेल और टावर लोकेशन का बारीकी से अध्ययन कर रही है। यह डंप डेटा यह पता लगाने में मदद करेगा कि छात्रा की तबीयत बिगड़ने के समय उसके आसपास कौन-कौन मौजूद थे।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट और यौन हिंसा के संकेत

छात्रा की मौत के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यौन हिंसा की संभावना से इनकार नहीं किया गया है। फॉरेंसिक बायोलॉजिकल रिपोर्ट में अंतर्वस्त्र में मानव स्पर्म होने की बात सामने आई है, जिसने यौन हिंसा के आरोप को और मजबूत किया है। इसके बाद से SIT ने डीएनए परीक्षण के लिए नमूने लेने की प्रक्रिया को तेज कर दिया है। इस समय एम्स की सेकंड ओपिनियन रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।

Comments

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *