श्रेणी: Jharkhand

  • सोनाहातू में कुएं में फंसे जंगली हाथी के लिए वन विभाग का रेस्क्यू अभियान शुरू

    सोनाहातू में कुएं में फंसे जंगली हाथी के लिए वन विभाग का रेस्क्यू अभियान शुरू

    रांची में जंगली हाथी का कुएं में गिरना, लोगों में हड़कंप

    रांची: रांची जिले के बुंडू वन प्रक्षेत्र के अंतर्गत सोनाहातू थाना क्षेत्र के सारयाद गांव में एक जंगली हाथी के कुएं में गिरने की घटना ने इलाके में हड़कंप मचा दिया। इस घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के गांवों से सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए, जिससे वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

    भोजन की तलाश में आया हाथी

    स्थानीय निवासियों के अनुसार, हाथी जंगल से भटककर भोजन की खोज में गांव की ओर आया था। इसी दौरान वह एक खुले कुएं में गिर गया, जिससे गांव के लोग दहशत में आ गए।

    वन विभाग ने शुरू किया रेस्क्यू ऑपरेशन

    घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम घटनास्थल पर पहुंच गई। अधिकारियों ने स्थिति का जायजा लिया और तुरंत रेस्क्यू कार्य आरंभ कर दिया। विभाग के अधिकारियों ने बताया कि हाथी सुरक्षित है और उस पर निगरानी रखी जा रही है।

    जेसीबी और रस्सियों से चल रहा रेस्क्यू

    हाथी को बाहर निकालने के लिए जेसीबी मशीन, मजबूत रस्सियों और अन्य आवश्यक उपकरणों का उपयोग किया जा रहा है। टीम इस बात का विशेष ध्यान रख रही है कि हाथी को कोई नुकसान न पहुंचे। कुएं के आसपास की मिट्टी को काटकर एक रास्ता बनाने की योजना भी बनाई जा रही है ताकि हाथी स्वयं बाहर निकल सके।

    ग्रामीणों ने मुआवजे की मांग की

    इस बीच, स्थानीय ग्रामीणों ने कुएं को नुकसान पहुंचाने पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि जब तक उन्हें उचित मुआवजा नहीं मिलेगा, तब तक वे कुएं को नुकसान नहीं होने देंगे। इससे रेस्क्यू ऑपरेशन में कुछ बाधाएं उत्पन्न हो रही हैं।

    भीड़ से प्रशासन को चुनौती

    घटनास्थल पर भारी भीड़ जमा होने के कारण स्थिति को संभालना प्रशासन के लिए चुनौती बन गया है। वन विभाग और प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे दूरी बनाए रखें और रेस्क्यू कार्य में बाधा न डालें।

    सभी की नजरें रेस्क्यू पर

    इस घटना को लेकर पूरे इलाके में उत्सुकता बनी हुई है। सभी लोग यही चाहते हैं कि हाथी को जल्द से जल्द सुरक्षित बाहर निकाला जाए।

  • रांची रेलवे समाचार: हटिया-लोकमान्य तिलक टर्मिनस समर स्पेशल ट्रेन का परिचालन, शेड्यूल देखें

    रांची रेलवे समाचार: हटिया-लोकमान्य तिलक टर्मिनस समर स्पेशल ट्रेन का परिचालन, शेड्यूल देखें

    रांची : ट्रेन यात्रियों की बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए, रेलवे मंत्रालय ने यात्रियों की सुविधा के लिए ट्रेन संख्या 08609/08610 हटिया लोकमान्य तिलक टर्मिनस साप्ताहिक समर स्पेशल का संचालन शुरू करने का निर्णय लिया है। इस ट्रेन में कुल 22 कोच होंगे, जिसमें 1 जेनरेटर यान, 1 एसएलआरडी कोच, 4 सामान्य श्रेणी के कोच, 6 द्वितीय श्रेणी स्लीपर कोच, 7 वातानुकूलित 3-टियर कोच, 2 वातानुकूलित 2-टियर कोच और 1 वातानुकूलित प्रथम श्रेणी सह वातानुकूलित 2-टियर संयुक्त कोच शामिल हैं।

    ट्रेन का टाइम टेबल

    ट्रेन संख्या 08609 हटिया लोकमान्य तिलक टर्मिनस साप्ताहिक स्पेशल, यात्रा प्रारंभ दिनांक 06/04/2026 से 29/06/2026 तक प्रत्येक सोमवार को हटिया से प्रस्थान करेगी। यह ट्रेन हटिया से 16:20 बजे प्रस्थान करेगी और राउरकेला में 20:20 बजे पहुंचेगी, जिसके बाद 20:30 बजे प्रस्थान करेगी। बिलासपुर में यह 01:15 बजे पहुंचेगी और 01:25 बजे आगे बढ़ेगी। नागपुर में 08:10 बजे पहुंचकर 08:15 बजे प्रस्थान करेगी, भुसावल में 15:10 बजे पहुंचेगी और 15:15 बजे आगे बढ़ेगी। मनमाड में यह 18:00 बजे पहुंचेगी और 18:05 बजे आगे बढ़ेगी, जबकि कल्याण में 23:37 बजे पहुंचकर 23:40 बजे प्रस्थान करेगी। अंत में, यह ट्रेन लोकमान्य तिलक टर्मिनस में बुधवार को 00:40 बजे पहुंचेगी।

    ट्रेन संख्या 08610 लोकमान्य तिलक टर्मिनस हटिया साप्ताहिक स्पेशल, यात्रा प्रारंभ दिनांक 08/04/2026 से 01/07/2026 तक प्रत्येक बुधवार को लोकमान्य तिलक टर्मिनस से प्रस्थान करेगी। यह ट्रेन बुधवार को 05:00 बजे प्रस्थान करेगी और कल्याण में 05:57 बजे पहुंचेगी, फिर 06:00 बजे आगे बढ़ेगी। मनमाड में यह 12:10 बजे पहुंचेगी और 12:15 बजे आगे बढ़ेगी, भुसावल में 14:40 बजे पहुंचकर 14:45 बजे प्रस्थान करेगी। नागपुर में यह 00:55 बजे पहुंचेगी और 01:00 बजे आगे बढ़ेगी। बिलासपुर में यह 07:45 बजे पहुंचेगी और 08:00 बजे आगे बढ़ेगी। राउरकेला में यह 12:27 बजे पहुंचेगी और 12:32 बजे आगे बढ़ेगी, और अंततः हटिया में गुरुवार को 18:00 बजे पहुंचेगी।

  • हनुमान जयंती 2026: आज है हनुमान जयंती, बजरंगबली की पूजा का शुभ समय जानें

    हनुमान जयंती 2026: आज है हनुमान जयंती, बजरंगबली की पूजा का शुभ समय जानें

    फीचर डेस्क : हनुमान जयंती 2026 का पर्व भक्तों के लिए विशेष आध्यात्मिक महत्व रखता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, चैत्र मास की पूर्णिमा को भगवान हनुमान का जन्म हुआ था। इस दिन श्रद्धालु विधिपूर्वक पूजा-अर्चना करके संकटमोचन की कृपा प्राप्त करने का प्रयास करते हैं। ऐसा माना जाता है कि इस दिन सच्चे मन से की गई पूजा व्यक्तियों के जीवन से भय, संकट और नकारात्मक ऊर्जा को दूर करती है।

    आज का शुभ समय

    पंचांग के अनुसार, हनुमान जयंती चैत्र पूर्णिमा के दिन मनाई जाती है। इस दिन प्रातःकाल का समय पूजा के लिए सबसे शुभ माना जाता है। शुभ पूजा मुहूर्त: सुबह 6:00 बजे से 11:45 बजे तक और विशेष पूजा समय: सुबह 7:00 बजे से 10:00 बजे के बीच है। यह समय मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा से भरा होता है, जिससे भक्तों का ध्यान पूजा में आसानी से केंद्रित किया जा सकता है। कई श्रद्धालु इस दौरान मंदिर जाकर हनुमान जी के दर्शन करते हैं और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना करते हैं।

    पूजा कितने बजे से शुरू करें

    हनुमान जयंती के दिन पूजा आरंभ करने का सर्वोत्तम समय सुबह स्नान के बाद माना जाता है। घर पर पूजा करने वाले भक्त सुबह 7 बजे से 10 बजे के बीच पूजा शुरू कर सकते हैं। शाम के समय भी दीप जलाकर हनुमान चालीसा का पाठ करना लाभकारी माना जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस दिन भगवान हनुमान अपने भक्तों की प्रार्थनाओं को विशेष रूप से स्वीकार करते हैं।

    हनुमान जयंती पर पूजा विधि क्या है

    हनुमान जयंती की पूजा सरलता से की जा सकती है। सबसे पहले सुबह स्नान करके साफ कपड़े पहनें और पूजा की जगह को स्वच्छ करें। इसके बाद भगवान हनुमान की तस्वीर या मूर्ति के सामने दीपक जलाएं और उन्हें फूल अर्पित करें। हनुमान जी को सिंदूर और चमेली का तेल चढ़ाना शुभ माना जाता है। कई भक्त इस दिन हनुमान चालीसा, बजरंग बाण या सुंदरकांड का पाठ करते हैं। माना जाता है कि इनका पाठ करने से मन मजबूत होता है और डर या चिंता कम होती है। पूजा के बाद प्रसाद बांटें और भगवान से अपने परिवार की खुशहाली की प्रार्थना करें।

  • झारखंड खेल समाचार: बीसीसीआई ने जेएससीए पर लगाया शिकंजा, चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठे

    झारखंड खेल समाचार: बीसीसीआई ने जेएससीए पर लगाया शिकंजा, चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठे

    जमशेदपुर : झारखंड में क्रिकेट प्रशासन को लेकर एक नया विवाद उत्पन्न हुआ है। झारखंड राज्य क्रिकेट संघ (JSCA) की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्न उठने लगे हैं। यह मामला तब और गंभीर हो गया जब भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के ओम्बुड्समैन ने जेएससीए को कारण बताओ नोटिस जारी किया।

    शिकायत के बाद उठे विवाद के कारण

    यह पूरा मामला जेएससीए के एक सदस्य द्वारा की गई शिकायत के कारण प्रकाश में आया। इस शिकायत में संघ की चुनाव प्रक्रिया और नियमों के अनुपालन पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। विशेष रूप से, यह आरोप लगाया गया है कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा लागू किए गए लोढ़ा समिति के दिशा-निर्देशों का पालन सही ढंग से नहीं किया गया।

    संविधान में संशोधन पर सवाल

    शिकायत में यह भी कहा गया है कि जेएससीए ने अपने संविधान में आवश्यक संशोधन तो किए, लेकिन उसका विधिवत रजिस्ट्रेशन नहीं कराया। इसके बावजूद वर्ष 2019, 2022 और 2025 में चुनाव कराए गए, जिससे इन चुनावों की वैधता पर गंभीर प्रश्न उठने लगे हैं।

    चुनावों की वैधता पर संकट का संकेत

    यदि शिकायत के आरोप सही साबित होते हैं, तो पिछले तीन चुनावों को लेकर कानूनी पेच फंस सकता है। इससे न केवल वर्तमान पदाधिकारियों की स्थिति प्रभावित हो सकती है, बल्कि पूरे संघ की कार्यप्रणाली पर भी नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।

    फंडिंग में रुकावट की आशंका

    शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि अगर लोढ़ा समिति के नियमों का पालन नहीं किया गया, तो बीसीसीआई द्वारा मिलने वाली वित्तीय सहायता भी रोकी जा सकती है। यह स्थिति जेएससीए के लिए गंभीर आर्थिक समस्याएँ उत्पन्न कर सकती है।

    चार हफ्ते में जवाब देने का निर्देश

    इस मामले में ओम्बुड्समैन न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) अरुण मिश्रा ने जेएससीए को चार सप्ताह के भीतर जवाब देने का निर्देश दिया है। अब सभी की नजरें जेएससीए के जवाब और आगे की संभावित कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।

  • जमशेदपुर शिक्षा: करीमिया मुस्लिम मध्य विद्यालय की शिक्षक भर्ती प्रक्रिया रद्द, अनियमितताओं का खुलासा

    जमशेदपुर शिक्षा: करीमिया मुस्लिम मध्य विद्यालय की शिक्षक भर्ती प्रक्रिया रद्द, अनियमितताओं का खुलासा

    झारखंड: करीमिया मुस्लिम मध्य विद्यालय में शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया रद्द

    झारखंड के जमशेदपुर स्थित करीमिया मुस्लिम मध्य विद्यालय में सहायक आचार्य की नियुक्ति प्रक्रिया को शिक्षा विभाग ने तुरंत प्रभाव से रद्द कर दिया है। इस निर्णय का कारण नियुक्ति में अनियमितताओं का पता लगाना बताया गया है। शिक्षा विभाग ने इस मामले में गंभीरता से जांच की और पाया कि प्रक्रिया में कई नियमों का उल्लंघन हुआ है।

    अनियमितताओं की जांच

    शिक्षा विभाग ने इस नियुक्ति प्रक्रिया की जांच के दौरान कुछ महत्वपूर्ण बिंदुओं की पहचान की है। अधिकारियों ने विभिन्न दस्तावेजों का मूल्यांकन किया और पाया कि कई आवेदकों की पात्रता संबंधित मानदंडों के अनुरूप नहीं थी। इसके अलावा, कुछ दस्तावेजों में गलत जानकारी भी दी गई थी, जिससे प्रक्रिया की पारदर्शिता पर प्रश्न चिह्न लगा।

    भविष्य की कार्रवाई

    शिक्षा विभाग ने यह स्पष्ट किया है कि रद्द की गई नियुक्ति प्रक्रिया के संबंध में आगे की कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने सभी संबंधित पक्षों को सूचित किया है कि वे इस निर्णय के खिलाफ कोई भी अपील कर सकते हैं। इसके साथ ही, भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिए नई दिशा-निर्देश तैयार करने की योजना बनाई जा रही है।

    छात्रों पर प्रभाव

    इस निर्णय का सीधा असर विद्यालय के छात्रों पर पड़ेगा, क्योंकि सहायक आचार्य की कमी से शैक्षणिक गतिविधियों में अवरोध उत्पन्न हो सकता है। विद्यालय प्रबंधन इस स्थिति को जल्दी से संभालने की कोशिश कर रहा है ताकि छात्रों के अध्ययन में कोई बाधा न आए।

  • धनबाद के टांडाबाड़ी में भू-धसान के बाद लोगों का आक्रोश, बीसीसीएल अधिकारियों पर हमला

    धनबाद के टांडाबाड़ी में भू-धसान के बाद लोगों का आक्रोश, बीसीसीएल अधिकारियों पर हमला

    धनबाद में भू-धसान से मची अफरा-तफरी, तीन की मौत

    धनबाद जिले के सोनारडीह ओपी क्षेत्र के टांडाबस्ती में मंगलवार को हुए भीषण भू-धसान के कारण तीन लोगों की मौत के बाद बुधवार को स्थानीय निवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित ग्रामीणों ने बीसीसीएल के अधिकारियों पर पथराव किया।

    बीसीसीएल अधिकारियों का घटनास्थल पर दौरा

    बुधवार के दोपहर बीसीसीएल के तकनीकी निदेशक और कोल इंडिया के वरिष्ठ अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान गोविंदपुर क्षेत्र के महाप्रबंधक भी उनके साथ थे। जैसे ही ये अधिकारी लौटे, ग्रामीणों ने महाप्रबंधक पर गुस्सा निकालते हुए पथराव शुरू कर दिया।

    महाप्रबंधक को सुरक्षित निकाला गया

    महाप्रबंधक को चोट लगने की सूचना मिली है, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। हालात बिगड़ते देखकर सीआईएसएफ के जवानों ने महाप्रबंधक को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए तुरंत कार्रवाई की।

    गैस रिसाव के कारण पलायन

    गैस के रिसाव की तीव्रता बढ़ने के कारण आसपास के लोग अपने घरों से सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन कर रहे हैं। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है। पुलिस, सीआईएसएफ और प्रशासन स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रयासरत हैं।

    स्थानीय निवासियों की मांगें

    ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की लापरवाही के कारण यह घटना हुई है। वे मुआवजा और मृतकों के परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने की मांग कर रहे हैं। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्र को सील कर दिया है और आगे की तकनीकी जांच के लिए जेसीबी मशीनों का उपयोग किया जाएगा।

    भू-धसान की वजह

    विशेषज्ञों का कहना है कि इस क्षेत्र में वर्षों पहले अंडरग्राउंड माइनिंग की गई थी, जिससे जमीन कमजोर हो गई थी। इसके बाद बीसीसीएल द्वारा खनन कार्य किए जाने के कारण भू-धसान की संभावनाएं बढ़ गईं। इस घटना के बाद मृतकों के परिजनों में भारी आक्रोश है और उन्होंने प्रशासन से ठोस कार्रवाई की मांग की है।

  • रामगढ़: राधा गोविंद विश्वविद्यालय में जेईई मेन परीक्षा रद्द, टीसीएस ने लिया फैसला

    रामगढ़: राधा गोविंद विश्वविद्यालय में जेईई मेन परीक्षा रद्द, टीसीएस ने लिया फैसला

    रामगढ़ के राधा गोविंद विश्वविद्यालय में जेईई मेन परीक्षा स्थगित

    रामगढ़: झारखंड के रामगढ़ स्थित राधा गोविंद विश्वविद्यालय में होने वाली जेईई मेन परीक्षा को स्थगित कर दिया गया है। इस निर्णय के पीछे टीसीएस द्वारा उठाए गए कई मुद्दे प्रमुख कारण हैं, जिनमें परीक्षा में गड़बड़ियों के आरोप शामिल हैं।

    टीसीएस का निर्णय

    टीसीएस ने परीक्षा को रोकने का फैसला करते हुए कहा है कि छात्रों की भलाई को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया गया है। इसे देखते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन ने भी इस निर्णय का समर्थन किया है। छात्रों और अभिभावकों में इस निर्णय को लेकर चिंता और निराशा का माहौल है।

    छात्रों की प्रतिक्रिया

    जेईई मेन परीक्षा की स्थगन की खबर के बाद, छात्रों में असंतोष देखने को मिल रहा है। कई छात्रों का कहना है कि यह परीक्षा उनके भविष्य के लिए महत्वपूर्ण थी और इस स्थगन से उनकी तैयारी पर असर पड़ेगा।

    आगे की योजना

    विश्वविद्यालय प्रशासन ने पुष्टि की है कि वे टीसीएस के साथ मिलकर इस समस्या का समाधान निकालने का प्रयास करेंगे। साथ ही, छात्रों को नई परीक्षा तिथियों की सूचना जल्द ही दी जाएगी।

  • धनबाद समाचार: साधु के रूप में जालसाजों ने ट्रेन में प्रसाद के नाम पर बांटा जहर, सात गिरफ्तार

    धनबाद समाचार: साधु के रूप में जालसाजों ने ट्रेन में प्रसाद के नाम पर बांटा जहर, सात गिरफ्तार

    धनबाद : चंबल एक्सप्रेस में 11 मार्च को हुई एक घटना में प्रसाद खाने के बाद एक महिला यात्री की मृत्यु हो गई। इस मामले में रेलवे पुलिस ने महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। पुलिस ने सात अपराधियों को गिरफ्तार किया है, जो साधु बनकर यात्रियों को प्रसाद के नाम पर जहर देते थे।

    घटना के दिन, 30 वर्षीय शिवानी अपने पति के साथ धनबाद से बांदा जा रही थी। इस दौरान, साधु के वेश में एक व्यक्ति ने उसे प्रसाद के नाम पर लड्डू दिया। महिला ने विश्वास करके लड्डू खा लिया, लेकिन कुछ ही समय बाद वह बेहोश हो गई।

    बेहोशी की हालत में ही उस व्यक्ति ने महिला का पर्स, पैसे और चांदी के गहने चुरा लिए। पति ने किसी तरह बांदा स्टेशन पर उतरकर पत्नी को अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन चार दिन बाद इलाज के दौरान महिला की मृत्यु हो गई।

    बांदा के जीआरपी थाने में दर्ज हुआ मामला

    इस घटना के बाद, पति ने बांदा के जीआरपी थाने में शिकायत दर्ज कराई। चूंकि मामला गोमो-कोडरमा के बीच का था, इसे कोडरमा जीआरपी को सौंप दिया गया।

    मामले की गंभीरता को देखते हुए अपराध आसूचना शाखा धनबाद ने सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। धनबाद रेलवे स्टेशन के एक फुटेज में एक साधु संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त दिखा। जब जांच आगे बढ़ी, तो यह पता चला कि वह अकेला नहीं था, बल्कि एक गिरोह का हिस्सा था। आसनसोल और वर्धमान के सीसीटीवी फुटेज में पांच साधु एक साथ ट्रेन में चढ़ते हुए देखे गए, जबकि दो अन्य अलग स्टेशन से सवार हुए थे।

    काली पहाड़ी स्टेशन से पहुंचे थे अपराधी

    आगे की जांच से पता चला कि सभी अपराधी पहले लोकल ट्रेन से काली पहाड़ी स्टेशन पहुंचे और वहाँ से अलग-अलग स्टेशनों के माध्यम से चंबल एक्सप्रेस में सवार हुए। दीनदयाल उपाध्याय रेलवे स्टेशन पर सभी सातों आरोपी ट्रेन से उतरते हुए देखे गए और वहां से बनारस कैंट होते हुए लखनऊ की ओर चले गए।

    मामले का समाधान करने के लिए आईपीएफ-सीआईबी धनबाद के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने लखनऊ, सुल्तानपुर और मुसाफिरखाना तक सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय सूचनाओं के आधार पर जांच जारी रखी। अंततः अमेठी जिले के निहालगढ़ क्षेत्र में इनका सुराग मिला। यहाँ इस प्रकार के ढोंगी साधुओं के रहने की जानकारी मिली।

    मोबाइल लोकेशन के माध्यम से अपराधियों की उपस्थिति आसनसोल में ट्रेस की गई। टीम ने वहां पहुंचकर काली पहाड़ी इलाके में अस्थायी रूप से रह रहे अपराधियों की पहचान की और फिर सतर्कता के साथ सभी सातों को ट्रेन में पीछा करते हुए 31 मार्च को कोडरमा में गिरफ्तार कर लिया।

    सभी आरोपी मंगता जाति से हैं

    पूछताछ में यह स्पष्ट हुआ कि सभी आरोपी मंगता जाति से संबंधित हैं और ये साधु या फकीर बनकर ट्रेन और गांवों में घूमते थे। भोले-भाले लोगों को धोखा देकर प्रसाद खिलाकर लूटना इनका पेशा था।

    बरामद की गई नशीली दवा

    पुलिस ने आरोपियों के पास से नशीली दवा (अल्प्राजोलम), ताबीज, जंतर, रुद्राक्ष माला, कमंडल, मोबाइल फोन, पैसे और अन्य सामान बरामद किए हैं। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में धूमी, रज्जाक जोगी, राजू, पहाड़ी, कृपाल, सुनील और मूला उर्फ रामचंद्र (अमेठी, उत्तर प्रदेश) शामिल हैं।

  • एसीबी ने रामगढ़ के लेखा लिपिक को 9 साल पुराने मामले में रांची से गिरफ्तार किया।

    एसीबी ने रामगढ़ के लेखा लिपिक को 9 साल पुराने मामले में रांची से गिरफ्तार किया।

    हजारीबाग : एसीबी हजारीबाग की टीम ने एक पुरानी प्रत्यानुपातिक संपत्ति के मामले में कार्रवाई करते हुए एक सरकारी कर्मचारी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान अरुण कुमार (56 वर्ष) के रूप में हुई है, जो उस समय ग्रामीण विकास विभाग के ग्रामीण कार्य मामले के तहत रामगढ़ में कनीय लेखा लिपिक के पद पर कार्यरत थे। एसीबी के अनुसार, आरोपी पर यह आरोप है कि उसने अपनी आय से अधिक संपत्ति अर्जित की थी। उसे गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।

    2017 में दर्ज हुआ था मामला

    एसीबी ने जानकारी दी है कि यह मामला एसीबी थाना कांड संख्या 29/17 से संबंधित है। इस मामले में 10 अगस्त 2017 को भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी। जांच के दौरान यह पाया गया कि अरुण कुमार के पास उसकी ज्ञात आय से अधिक संपत्ति है। इसके बाद एसीबी ने जांच पूरी कर पहले ही कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल कर दिया था।

    कोर्ट में सुनवाई के दौरान जारी हुआ गिरफ्तारी वारंट

    एसीबी अधिकारियों के अनुसार, यह मामला कोर्ट में चल रहा था जब कोर्ट ने आरोपी अरुण कुमार के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया। वारंट जारी होने के बाद आरोपी की तलाश शुरू की गई। वह लगातार गिरफ्तारी से बचता रहा।

    रांची के डिपाटोली इलाके से की गई गिरफ्तारी

    एसीबी की टीम ने आरोपी की लोकेशन का पता लगाकर उसे रांची के डिपाटोली इलाके से गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी आरोपी के वर्तमान पते से हुई, जो है फ्लैट नंबर 203, आर.एल. टावर, डिपाटोली, थाना सदर, जिला रांची। एसीबी ने आरोपी को 31 मार्च 2026 को विधिवत गिरफ्तार किया।

    न्यायिक हिरासत में किया गया भेजा

    गिरफ्तारी के बाद एसीबी ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेजा गया। एसीबी का कहना है कि मामले में आगे की कार्रवाई कोर्ट की प्रक्रिया के अनुसार जारी रहेगी।

    प्रत्यानुपातिक संपत्ति का मामला क्या है?

    प्रत्यानुपातिक संपत्ति का तात्पर्य है कि किसी सरकारी कर्मचारी के पास उसकी नौकरी और आय के अनुसार जितनी संपत्ति होनी चाहिए, उससे अधिक संपत्ति पाई जाए। ऐसे मामलों में एजेंसी यह जाँच करती है कि संपत्ति का स्रोत क्या है, धन किस तरह से एकत्र हुआ है और क्या इसमें भ्रष्टाचार या अनियमितताएँ शामिल हैं।

    पुराने मामलों में एसीबी की कार्रवाई जारी

    एसीबी हजारीबाग की इस कार्रवाई को पुराने भ्रष्टाचार मामलों में कड़ी कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि लंबित मामलों में भी गिरफ्तारी और जांच की प्रक्रिया निरंतर चल रही है, ताकि भ्रष्टाचार में संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।

  • जमशेदपुर समाचार: दिव्या सोय ने चेन्नई में किक बॉक्सिंग नेशनल चैंपियनशिप में जीता मेडल, जमशेदपुर में हुआ जोरदार स्वागत

    जमशेदपुर समाचार: दिव्या सोय ने चेन्नई में किक बॉक्सिंग नेशनल चैंपियनशिप में जीता मेडल, जमशेदपुर में हुआ जोरदार स्वागत

    जमशेदपुर की दिव्या सोय का किक बॉक्सिंग में शानदार प्रदर्शन

    जमशेदपुर की युवा किक बॉक्सिंग खिलाड़ी दिव्या सोय ने हाल ही में चेन्नई में आयोजित राष्ट्रीय चैंपियनशिप में मेडल जीतकर अपने जिले का नाम रोशन किया। इस प्रतियोगिता में दिव्या ने अपनी उत्कृष्ट क्षमताओं का प्रदर्शन करते हुए शानदार सफलता प्राप्त की।

    चैंपियनशिप का महत्व

    यह राष्ट्रीय किक बॉक्सिंग चैंपियनशिप देश भर के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों का एक मंच है, जहां वे अपनी कला और कौशल का प्रदर्शन करते हैं। दिव्या का मेडल जीतना न केवल उनकी मेहनत का फल है, बल्कि यह अन्य खिलाड़ियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत है।

    स्वागत समारोह

    दिव्या सोय के मेडल जीतने की खबर फैलते ही जमशेदपुर में उनका भव्य स्वागत किया गया। स्थानीय लोगों और खेल प्रेमियों ने मिलकर दिव्या का उत्साहवर्धन किया, जिससे उनकी उपलब्धि का महत्व और भी बढ़ गया।

    भविष्य की योजनाएं

    दिव्या सोय ने अपनी सफलता के बाद भविष्य में और भी बड़े टूर्नामेंट में भाग लेने की योजना बनाई है। उनका लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का नाम रोशन करना है।

  • झारखंड में VIP सुरक्षा की समीक्षा, गैंगस्टर के गुर्गे को अंगरक्षक मिलने से हड़कंप

    झारखंड में VIP सुरक्षा की समीक्षा, गैंगस्टर के गुर्गे को अंगरक्षक मिलने से हड़कंप

    झारखंड में VIP सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा

    झारखंड राज्य में हाल ही में एक महत्वपूर्ण घटना सामने आई है, जिसमें एक गैंगस्टर के सहयोगी को सुरक्षा प्रदान की गई थी। इस खुलासे के बाद, राज्य सरकार ने VIP सुरक्षा व्यवस्था की पुनरावलोकन करने का निर्णय लिया है। पुलिस विभाग ने सभी जिलों से रिपोर्ट मांगी है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि सुरक्षा प्रोटोकॉल का सही पालन हो रहा है।

    गैंगस्टर के सहयोगी की सुरक्षा का मामला

    इस घटना ने राज्य में हड़कंप मचा दिया है, विशेषकर जब यह पता चला कि एक अपराधी को अंगरक्षक उपलब्ध कराया गया था। यह मामला सुरक्षा व्यवस्था की गड़बड़ी को दर्शाता है और अधिकारियों ने इसे गंभीरता से लिया है। पुलिस ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे इस मामले की गहराई से जांच करें और सभी सुरक्षा प्रबंधनों का मूल्यांकन करें।

    पुलिस की कार्रवाई और सुरक्षा समीक्षा

    पुलिस विभाग ने सभी जिलों से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई भी व्यक्ति सुरक्षा का दुरुपयोग न कर सके। इस कार्रवाई के तहत, सभी सुरक्षा कर्मियों की नियुक्तियों की जांच की जाएगी और यह सुनिश्चित किया जाएगा कि केवल वास्तविक जरूरतमंद व्यक्तियों को ही सुरक्षा प्रदान की जाए।

    राज्य सरकार की सख्त कार्रवाई

    राज्य सरकार ने इस मामले को लेकर स्पष्ट किया है कि सुरक्षा की जिम्मेदारी को गंभीरता से लिया जाएगा। अगर किसी भी प्रकार की लापरवाही या सुरक्षा में चूक पाई गई, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह कदम VIP सुरक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता को बनाए रखने के लिए अत्यंत आवश्यक है।

  • असम चुनाव में झामुमो की मजबूती, कल्पना सोरेन ने लिया नेतृत्व।

    असम चुनाव में झामुमो की मजबूती, कल्पना सोरेन ने लिया नेतृत्व।

    चबुआ विधानसभा क्षेत्र में चुनावी गतिविधियाँ तेज़

    असम विधानसभा चुनाव के मद्देनज़र राजनीतिक गतिविधियाँ काफी बढ़ गई हैं। इसी क्रम में झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) की विधायक कल्पना सोरेन ने चबुआ विधानसभा क्षेत्र का दौरा किया और वहां JMM के प्रत्याशी भूबेन मुरारी के लिए समर्थन मांगा।

    चाय बागानों का दौरा और मजदूरों से संवाद

    प्रचार के दौरान, कल्पना सोरेन और सांसद जोबा माझी चबुआ के चाय बागानों में पहुंचीं। यहां उन्होंने वहां काम कर रहे मजदूरों से सीधी बातचीत की और उनकी समस्याओं को समझने का प्रयास किया।

    सामाजिक और आर्थिक स्थितियों की जानकारी

    दौरे के दौरान, दोनों नेताओं ने मजदूरों की सामाजिक और आर्थिक स्थिति का जायजा लिया। मजदूरों ने अपनी समस्याएँ खुलकर साझा कीं, जिसमें मजदूरी, स्वास्थ्य सेवाएँ और आवास संबंधी मुद्दे शामिल थे।

    भूबेन मुरारी के लिए वोट की अपील

    कल्पना सोरेन ने क्षेत्र के लोगों से अपील की कि वे झामुमो के प्रत्याशी भूबेन मुरारी को विधानसभा में भेजें, ताकि इलाके का विकास हो सके और मजदूरों की समस्याओं का समाधान किया जा सके।

    स्थानीय मुद्दों पर झामुमो का ध्यान

    झामुमो के नेताओं ने इस दौरान स्पष्ट किया कि पार्टी स्थानीय मुद्दों को प्राथमिकता दे रही है। खासकर मजदूरों और वंचित वर्गों के हितों को लेकर पार्टी अपनी बात जनता तक पहुंचा रही है।

    चुनावी माहौल की गर्माहट

    कल्पना सोरेन और जोबा माझी के दौरे के कारण चबुआ में चुनावी माहौल और भी गरमा गया है। आने वाले दिनों में विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता भी इस क्षेत्र में प्रचार तेज़ करने की योजना बना रहे हैं।

  • घटशिला दुर्घटना: बहरागोड़ा में ट्रक ने ऑटो को टक्कर मारी, चालक की मौत, चार घायल।

    घटशिला दुर्घटना: बहरागोड़ा में ट्रक ने ऑटो को टक्कर मारी, चालक की मौत, चार घायल।

    खण्डामौदा में भीषण सड़क दुर्घटना, ऑटो चालक की हुई मौत

    घाटशिला: बहरागोड़ा के खण्डामौदा पेट्रोल पंप के समक्ष मंगलवार की सुबह एक गंभीर सड़क दुर्घटना घटित हुई। इस हादसे में खण्डामौदा का रहने वाला 35 वर्षीय ऑटो चालक, हराधन पाईकिरा, की मौके पर ही मृत्यु हो गई। घटना की सूचना मिलने पर बरसोल पुलिस घटनास्थल पर पहुंच गई। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच प्रारंभ कर दी है। घायलों का इलाज स्थानीय अस्पताल में जारी है। इस हादसे के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया है, जिसकी तलाश में पुलिस जुटी हुई है। पुलिस का कहना है कि फरार चालक को पकड़ने के साथ-साथ वाहन को भी जब्त किया जाएगा।

    दुर्घटना का विवरण

    जानकारी के अनुसार, हराधन पाईकिरा अपने ऑटो में सवारी लेकर पश्चिम बंगाल के गोपीबल्लवपुर जा रहे थे। जब उनका ऑटो खण्डामौदा पेट्रोल पंप के पास पहुंचा, तभी पीछे से तेज गति से आ रहे ट्रक ने ऑटो को टक्कर मार दी। इस टक्कर के परिणामस्वरूप ऑटो पर सवार सभी लोग सड़क पर गिर पड़े, और हराधन भी गिर गए। इसी दौरान ट्रक ने उनके सिर पर चढ़कर उन्हें कुचल दिया, जिससे उनकी तत्काल मृत्यु हो गई।

    घायलों की स्थिति

    दुर्घटना में ऑटो पर सवार 38 वर्षीय प्रदीप बेरा, उनकी पत्नी 27 वर्षीय सविता बेरा, उनके छह वर्षीय बेटे शुभम बेरा, और 40 वर्षीय मनोरंजन सीट गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी घायलों को स्थानीय लोगों की सहायता से बहरागोड़ा अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। इनमें से सविता बेरा और मनोरंजन सीट की स्थिति बेहद नाजुक बताई जा रही है, और इन्हें बड़े अस्पताल के लिए रेफर किया गया है।

  • रांची: महिला कांस्टेबल की दर्दनाक मौत, पति की सड़क हादसे में हो चुकी थी मृत्यु

    रांची: महिला कांस्टेबल की दर्दनाक मौत, पति की सड़क हादसे में हो चुकी थी मृत्यु

    रांची: सड़क हादसे में झारखंड पुलिस की महिला कांस्टेबल की मौत

    राजधानी रांची के रातू क्षेत्र में एक दुखद सड़क दुर्घटना में झारखंड पुलिस की महिला कांस्टेबल रंजीता एक्का की जान चली गई। यह घटना उस समय हुई जब वह अपनी रोजाना की ड्यूटी के लिए घर से निकली थीं। अचानक हुए इस हादसे ने उनके परिवार पर एक बार फिर से दुखों का पहाड़ गिरा दिया। रंजीता एक्का, जो सिमडेगा जिला बल में तैनात थीं, हाई कोर्ट रांची में ड्यूटी के दौरान इस सड़क दुर्घटना का शिकार हुईं।

    हाजी चौक पर हुआ हादसा

    यह हादसा रातू थाना क्षेत्र के हाजी चौक पर घटित हुआ। रिपोर्ट के अनुसार, रंजीता एक्का अपनी स्कूटी पर थीं, तभी अचानक वह असंतुलित होकर गिर गईं। इसी दौरान एक अज्ञात वाहन ने उन्हें कुचल दिया और घटनास्थल से फरार हो गया। हादसा इतना गंभीर था कि रंजीता को सिर में गंभीर चोटें आईं।

    अस्पताल पहुंचने से पहले ही तोड़ दिया दम

    स्थानीय लोगों ने तुरंत रंजीता को अस्पताल पहुंचाने की कोशिश की, लेकिन चिकित्सा कर्मियों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद आसपास के लोग इकट्ठा हो गए और पुलिस को सूचित किया गया।

    हाईकोर्ट ड्यूटी के लिए जा रही थीं

    जानकारी के मुताबिक, रंजीता एक्का सिमडेगा जिला पुलिस बल में तैनात थीं, लेकिन वर्तमान में झारखंड हाईकोर्ट में प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत थीं। वह उसी ड्यूटी के लिए रवाना हुई थीं, जब यह दुर्घटना हुई।

    पुलिस जुटी जांच में

    रातू थाना प्रभारी आदिकांत महतो ने जानकारी दी कि मामले की जांच की जा रही है। आस-पास के सीसीटीवी फुटेज की समीक्षा की जा रही है ताकि वाहन और उसके चालक की पहचान की जा सके।

    परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

    यह घटना रंजीता के परिवार के लिए एक बड़े सदमे के रूप में सामने आई है। सबसे दुखद यह है कि रंजीता के पति की भी पहले एक सड़क दुर्घटना में मृत्यु हो चुकी थी। पति की मृत्यु के बाद रंजीता को अनुकंपा के आधार पर झारखंड पुलिस में नौकरी मिली थी। अब एक बार फिर इसी तरह की घटना ने उनके परिवार को तबाह कर दिया है।

    इलाके में शोक और सवाल

    घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है। लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि आखिर सड़क सुरक्षा को लेकर लापरवाही कब तक जारी रहेगी।

  • रांची नगर निगम का टैक्स कलेक्शन पहली बार 100 करोड़ रुपये को पार किया

    रांची नगर निगम का टैक्स कलेक्शन पहली बार 100 करोड़ रुपये को पार किया

    रांची : रांची नगर निगम ने शहरी वित्तीय प्रबंधन में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। इस वर्ष निगम का प्रॉपर्टी टैक्स संग्रह पहली बार 100 करोड़ रुपये के पार पहुंच गया है। 2013 में जहां यह आंकड़ा लगभग 5 करोड़ रुपये था, वहीं 2025-26 में यह बढ़कर लगभग 101.99 करोड़ रुपये हो गया है। इसे निगम की सबसे बड़ी सफलता माना जा रहा है।

    6 महीने के अभियान का मिला बड़ा नतीजा

    नगर आयुक्त सुशांत गौरव के नेतृत्व में पिछले 6 महीनों से एक विशेष अभियान संचालित किया जा रहा था। इसी के परिणामस्वरूप मंगलवार को लगभग 1.59 करोड़ रुपये जमा किए गए। इस अभियान में नगर आयुक्त ने स्वयं सक्रिय भूमिका निभाई और लगातार मॉनिटरिंग की।

    ऑनलाइन पेमेंट ने भी बढ़ाया कलेक्शन

    इस बार डिजिटल प्रणाली का योगदान भी उल्लेखनीय रहा। लोगों ने लगभग 23 करोड़ रुपये ऑनलाइन जमा किए, जिससे पारदर्शिता और सुविधा दोनों में बढ़ोतरी हुई। डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने से टैक्स जमा करने की प्रक्रिया को सरल बनाया गया और संग्रह में तेजी आई।

    कैसे बढ़ा टैक्स कलेक्शन

    नगर निगम ने कई स्तरों पर कार्य किया, जिसका सीधा प्रभाव राजस्व पर पड़ा। शहर में डोर टू डोर सर्वे और सत्यापन किया गया, जिससे छूटे हुए और अज्ञात होल्डिंग्स की पहचान संभव हुई। प्रत्येक वार्ड के लिए अलग-अलग लक्ष्य निर्धारित किए गए और उनकी निरंतर मॉनिटरिंग की गई। बड़े बकायेदारों के खिलाफ नोटिस जारी किए गए और डिजिटल सिस्टम के माध्यम से रियल टाइम ट्रैकिंग की व्यवस्था की गई। नागरिकों को जागरूक करने के लिए विभिन्न अभियान चलाए गए, जिससे टैक्स बेस को मजबूत किया गया और संग्रह में वृद्धि हुई।

    हर साल बढ़ता गया आंकड़ा

    नगर निगम का संग्रह पिछले कुछ वर्षों में लगातार बढ़ता रहा है:

    • 2020-21: 51.35 करोड़
    • 2021-22: 58.03 करोड़
    • 2022-23: 67.78 करोड़
    • 2023-24: 69.71 करोड़
    • 2024-25: 83.57 करोड़
    • 2025-26: 101.99 करोड़

    यह दर्शाता है कि निगम की रणनीतियाँ लगातार प्रभावी साबित हो रही हैं।

    संपत्तियों की संख्या और दक्षता में बढ़ोतरी

    संपत्तियों की संख्या में भी तेजी से वृद्धि हुई है। पहले लगभग 1 लाख होल्डिंग्स थीं, अब यह संख्या बढ़कर 2.5 लाख से अधिक हो गई है। इसके साथ ही टैक्स संग्रह की दक्षता लगभग 90 प्रतिशत तक पहुंच गई है।

    शहर के विकास पर दिखेगा असर

    राजस्व में वृद्धि से अब शहर के विकास कार्यों को गति मिलेगी। सफाई, पानी, सड़क और स्ट्रीट लाइट जैसी सुविधाओं में सुधार की उम्मीद बढ़ गई है। नगर आयुक्त ने कहा कि भविष्य में जीआईएस मैपिंग और डेटा बेस्ड सिस्टम को और मजबूत किया जाएगा, ताकि संग्रह और अधिक पारदर्शी हो सके।

  • साइबर धोखाधड़ी: मोबाइल पर संदिग्ध लिंक पर क्लिक करते ही जिला परिषद सदस्य के खाते से निकले तीन लाख रुपये

    साइबर धोखाधड़ी: मोबाइल पर संदिग्ध लिंक पर क्लिक करते ही जिला परिषद सदस्य के खाते से निकले तीन लाख रुपये

    दुमका में साइबर ठगी का मामला

    झारखंड के दुमका जिले में एक जिला परिषद सदस्य से साइबर ठगी का एक नया मामला सामने आया है। इस घटना में पीड़ित व्यक्ति के खाते से तीन लाख रुपये की राशि चुराई गई। यह राशि संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने के बाद निकाली गई, जो मोबाइल पर प्राप्त हुआ था।

    घटना का विवरण

    पीड़ित ने बताया कि उसे एक मोबाइल संदेश के माध्यम से एक लिंक प्राप्त हुआ था। जब उसने इस लिंक पर क्लिक किया, तो उसके बैंक खाते से यूपीआई के जरिए राशि निकाल ली गई। इस ठगी के बाद पीड़ित ने तुरंत बैंक को सूचित किया और मामले की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए संबंधित अधिकारियों से संपर्क किया।

    साइबर सुरक्षा के उपाय

    इस घटना ने एक बार फिर से साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता को उजागर किया है। विशेषज्ञों का कहना है कि लोगों को अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचना चाहिए और संदिग्ध संदेशों की पहचान करना सीखना चाहिए। साथ ही, बैंक खाते की सुरक्षा के लिए नियमित रूप से पासवर्ड बदलने और दो-चरणीय प्रमाणीकरण का उपयोग करने की सलाह दी गई है।

    स्थानीय प्रशासन की प्रतिक्रिया

    स्थानीय प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लिया है और साइबर ठगी की घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने का आश्वासन दिया है। अधिकारियों का कहना है कि वे जल्द ही इस संबंध में जागरूकता शिविर आयोजित करेंगे, ताकि लोग इस तरह की ठगी से बच सकें।

  • झारखंड मौसम अपडेट: इन जिलों में तेज तूफान और वज्रपात का अलर्ट जारी

    झारखंड मौसम अपडेट: इन जिलों में तेज तूफान और वज्रपात का अलर्ट जारी

    रांची : झारखंड में वर्तमान मौसम की स्थिति काफी परिवर्तनशील है। भीषण गर्मी से जूझ रहे निवासियों को राजधानी रांची और अन्य जिलों में अचानक हुई बारिश से थोड़ी राहत मिली है, जिसके बाद तापमान में गिरावट देखी गई। लेकिन, यह राहत लंबे समय तक नहीं रहने वाली है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले 3 से 4 दिन राज्य के लिए कठिनाइयों से भरे हो सकते हैं। बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र के चलते झारखंड में आंधी-तूफान, तेज हवाएं और वज्रपात का खतरा बढ़ गया है। कुछ स्थानों पर 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और ओलावृष्टि की आशंका भी जताई गई है। दिन में तेज गर्मी, शाम को बारिश और उमस भरी रातें—यह मौसम का असामान्य मिजाज लोगों को असुविधा में डाल रहा है। इस स्थिति में सावधानी बरतना आवश्यक हो गया है।

    बंगाल की खाड़ी में दबाव से मौसम में बदलाव

    मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र का प्रभाव झारखंड के मौसम पर स्पष्ट रूप से नजर आ रहा है। अगले 24 घंटों में मौसम में और बदलाव आ सकता है, जिससे कई जिलों में ओलावृष्टि और बिजली गिरने की घटनाएं बढ़ने की संभावना है।

    इन जिलों में अधिक खतरा

    राज्य के कई जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जिसमें मुख्य रूप से गोड्डा, देवघर, धनबाद, दुमका, पाकुड़, साहिबगंज और गिरिडीह शामिल हैं। इन क्षेत्रों में 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। इसके साथ ही साइक्लोनिक सर्कुलेशन का प्रभाव भी इन जिलों में अधिक देखने को मिलेगा, जिससे मौसम और भी अस्थिर हो सकता है।

    अन्य जिलों में भी मौसम का असर

    हालांकि ऑरेंज अलर्ट कुछ जिलों तक ही सीमित है, लेकिन इसका आंशिक असर पूरे झारखंड में देखने को मिल सकता है। अन्य जिलों में शाम के समय हल्की बारिश और बूंदाबांदी की संभावना है, साथ ही हवाएं 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं। इससे मौसम में निरंतर बदलाव के कारण नागरिकों को असहज स्थिति का सामना करना पड़ सकता है।

    गर्मी और उमस से राहत नहीं

    हालांकि बारिश हुई है, लेकिन अधिकतम तापमान में ज्यादा गिरावट की उम्मीद नहीं है। पलामू, गढ़वा और दक्षिणी झारखंड के क्षेत्रों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जबकि कुछ स्थानों पर यह इससे भी ऊपर जा सकता है। बारिश के साथ उमस भी बढ़ने की संभावना है, जिससे लोगों को गर्मी से पूरी राहत नहीं मिलेगी।

  • जमशेदपुर अपराध: सीतारामडेरा में फायरिंग, चापड़ से दो युवक घायल; स्थिति गंभीर

    जमशेदपुर अपराध: सीतारामडेरा में फायरिंग, चापड़ से दो युवक घायल; स्थिति गंभीर

    सीतारामडेरा में युवकों पर जानलेवा हमला

    जमशेदपुर : सीतारामडेरा थाना क्षेत्र में मंगलवार की रात कुछ लोगों ने दो युवकों, सन्नी पुष्टि और नंदू लोहार, पर जानलेवा हमला कर दिया। जानकारी के अनुसार, दोनों युवकों पर चापड़ से वार किया गया, जिससे उनके गर्दन, हाथ और शरीर के अन्य हिस्सों पर गंभीर चोटें आई हैं। इस दौरान कथित तौर पर फायरिंग भी की गई।

    घटनास्थल पर पुलिस और परिवार का पहुंचना

    घटना की सूचना मिलते ही दोनों युवकों के परिवार के सदस्य घटनास्थल पर पहुंचे और उन्हें तुरंत टीएमएच अस्पताल ले जाया गया। सीतारामडेरा थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची, साथ ही डीएसपी हेडक्वार्टर वन भोला प्रसाद भी घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

    पुराने विवाद का मामला

    सूत्रों के अनुसार, इस हमले के पीछे दो गुटों के बीच का पुराना विवाद है। सन्नी पुष्टि के परिजनों ने बताया कि रामनवमी के दिन भी हमलावरों ने इन दोनों युवकों पर हमला करने की कोशिश की थी। सन्नी पुष्टि, जो छाया नगर का निवासी है, पर हमलावरों ने गमछा डालकर उसे घसीटने का प्रयास किया था। लेकिन स्थानीय लोगों के शोर मचाने पर नंदू लोहार ने सन्नी को बचाया।

    हमले का विवरण और पुलिस की प्रतिक्रिया

    परिवार वालों का आरोप है कि मंगलवार की रात दोनों युवक किसी कार्यक्रम में गए थे और लौटते समय उन पर चापड़ से हमला किया गया। इस हमले के दौरान फायरिंग की भी बात कही जा रही है, हालांकि पुलिस इस फायरिंग की पुष्टि नहीं कर रही है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है।

  • धनबाद समाचार: भू-धंसान से तीन घर धराशायी, तीन लोग मलबे में फंसे होने का खतरा

    धनबाद समाचार: भू-धंसान से तीन घर धराशायी, तीन लोग मलबे में फंसे होने का खतरा

    धनबाद में भू-धंसान से तीन घर जमींदोज, क्षेत्र में दहशत फैली

    झारखंड के धनबाद जिले के कतरास क्षेत्र में एक चिंताजनक घटना घटी है, जहां भू-धंसान के कारण तीन घर जमींदोज हो गए हैं। इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल व्याप्त है। मलबे में तीन व्यक्तियों के दबे होने की आशंका है, जिससे स्थिति और भी गंभीर हो गई है।

    भू-धंसान की घटना का विवरण

    स्थानीय सूत्रों के अनुसार, यह घटना रात के समय हुई, जब कई लोग अपने घरों में सो रहे थे। अचानक हुए भू-धंसान ने तीन घरों को पूरी तरह से ध्वस्त कर दिया। घटना के बाद, तत्कालीन बचाव कार्यों के लिए स्थानीय प्रशासन ने उपायुक्त के नेतृत्व में टीम गठित की है, जो मलबे में दबे लोगों की तलाश कर रही है।

    स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया

    इस घटना ने क्षेत्र के निवासियों में भय का माहौल पैदा कर दिया है। स्थानियों ने सरकार से मांग की है कि वे इस प्रकार की घटनाओं से सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी कदम उठाएं। कई स्थानीय निवासियों ने विरोध प्रदर्शन भी किया है, जिसमें उन्होंने बेहतर सुरक्षा उपायों की मांग की है।

    प्रशासनिक कार्रवाई

    स्थानीय प्रशासन ने घटना स्थल पर पहुंचे अधिकारियों ने स्थिति का आकलन किया और राहत कार्यों को तेज करने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा है कि वे प्रभावित परिवारों की हर संभव मदद करेंगे और सुरक्षा उपायों को प्राथमिकता देंगे।

  • एसएसपी ने पेट्रोलिंग में कड़ी कार्रवाई की, कंट्रोल रूम से हर वाहन पर निगरानी होगी।

    एसएसपी ने पेट्रोलिंग में कड़ी कार्रवाई की, कंट्रोल रूम से हर वाहन पर निगरानी होगी।

    रांची में पुलिस पेट्रोलिंग की व्यवस्था को मजबूत करने का कदम

    रांची: रांची जिले में पुलिस पेट्रोलिंग प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए एसएसपी राकेश रंजन ने कम्पोजिट कंट्रोल रूम में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की। इस बैठक में जिले के सभी पेट्रोलिंग वाहनों की गतिविधियों की आधुनिक तकनीक से निगरानी के उपायों पर चर्चा की गई।

    जीपीएस सिस्टम की स्थापना

    बैठक में जानकारी दी गई कि जिले के सभी पेट्रोलिंग वाहनों में जीपीएस सिस्टम स्थापित किया गया है। इस प्रणाली के माध्यम से पुलिस को प्रत्येक वाहन की स्थिति, गति और गंतव्य तक पहुंचने का समय जैसी महत्वपूर्ण जानकारी सटीक और रियल टाइम में प्राप्त हो रही है।

    कंट्रोल रूम से निगरानी की व्यवस्था

    एसएसपी ने बताया कि इन वाहनों की निगरानी अब सीधे कम्पोजिट कंट्रोल रूम से की जा रही है। इससे पुलिस अधिकारियों को यह जानकारी तुरंत मिल सकेगी कि किस क्षेत्र में कौन-सी गाड़ी मौजूद है और कहां पेट्रोलिंग की स्थिति कमजोर है। इस व्यवस्था से सभी गतिविधियों पर निरंतर नज़र रखी जाएगी।

    आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया

    इस तकनीकी व्यवस्था का एक प्रमुख लाभ यह है कि आपातकालीन स्थितियों में पुलिस तेजी से प्रतिक्रिया कर सकेगी। किसी भी घटना की सूचना मिलने पर कंट्रोल रूम से नजदीकी पेट्रोलिंग वाहन को निर्देश देकर तुरंत घटनास्थल पर भेजा जा सकेगा। इससे पुलिस की त्वरित पहुंच सुनिश्चित होगी और समय पर कार्रवाई संभव हो सकेगी।

    अपराध नियंत्रण और सुरक्षा में सुधार

    पुलिस अधिकारियों का मानना है कि इस हाईटेक निगरानी प्रणाली से अपराध नियंत्रण में सहायता मिलेगी और आम जनता को सुरक्षा का विश्वास भी बढ़ेगा। एसएसपी ने कहा कि इस तकनीक के उचित उपयोग से पुलिसिंग प्रणाली अधिक पारदर्शी, उत्तरदायी और प्रभावी बनेगी।

    अधिकारियों को दी गईं आवश्यक निर्देश

    बैठक में एसएसपी ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जीपीएस आधारित इस प्रणाली का पूर्ण उपयोग सुनिश्चित करें। किसी भी प्रकार की लापरवाही या तकनीकी अव्यवस्था के मामले में कार्रवाई की जा सकती है।

    बैठक में शामिल अधिकारी

    इस बैठक में रूरल एसपी प्रवीण पुष्कर, सिटी एसपी पारस राणा, ट्रैफिक एसपी राकेश सिंह, शहरी क्षेत्र एवं यातायात के सभी डीएसपी और जिले के विभिन्न थाना प्रभारी उपस्थित थे।

  • झारखंड जनगणना: डिजिटल प्रक्रिया पर सियासत गरमाई, सरना धर्म कोड और पारदर्शिता पर सवाल उठे

    झारखंड जनगणना: डिजिटल प्रक्रिया पर सियासत गरमाई, सरना धर्म कोड और पारदर्शिता पर सवाल उठे

    झारखंड में डिजिटल जनगणना पर सियासत तेज

    झारखंड में आगामी डिजिटल जनगणना को लेकर राजनीतिक दलों के बीच बहस जारी है। इस प्रक्रिया में सरना धर्म कोड और पारदर्शिता जैसे मुद्दों को लेकर कई प्रश्न उठाए जा रहे हैं। विभिन्न राजनीतिक पार्टियों के नेता इन मुद्दों पर अपनी राय रख रहे हैं, जिससे सियासी माहौल गर्मा गया है।

    सरना धर्म कोड का मुद्दा

    सरना धर्म कोड की मांग झारखंड में लंबे समय से उठ रही है। इस कोड को शामिल करने की आवश्यकता को लेकर कई समुदायों का कहना है कि इससे उनकी पहचान को मान्यता मिलेगी। हालांकि, कुछ राजनीतिक दल इस मुद्दे पर अलग राय रख रहे हैं, जिससे जनगणना की प्रक्रिया में जटिलताएं बढ़ती जा रही हैं।

    पारदर्शिता के सवाल

    पारदर्शिता को लेकर भी कई सवाल उठाए जा रहे हैं। विपक्ष के नेता आरोप लगा रहे हैं कि सरकार जनगणना के आंकड़ों को सही तरीके से प्रस्तुत नहीं कर रही है। उनकी चिंता है कि यदि यह प्रक्रिया पारदर्शी नहीं होगी, तो इससे सही आंकड़ों की प्राप्ति में बाधा आ सकती है।

    राजनीतिक दलों की प्रतिक्रिया

    राजनीतिक दलों की प्रतिक्रिया इस मुद्दे पर भिन्न है। कुछ दल सरना धर्म कोड को अनिवार्य मानते हैं, जबकि अन्य इसका विरोध कर रहे हैं। सत्ताधारी पार्टी का कहना है कि वे जनगणना को सफलतापूर्वक संपन्न करने के लिए प्रतिबद्ध हैं, लेकिन विपक्ष का कहना है कि सरकार को इन मुद्दों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए।

    निष्कर्ष

    झारखंड में डिजिटल जनगणना का यह मुद्दा अब राजनीतिक बहस का केंद्र बन गया है। सरना धर्म कोड और पारदर्शिता जैसे सवालों के बीच, सभी दलों की नजर इस प्रक्रिया पर है और देखना होगा कि यह विवाद कैसे सुलझता है।